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मेरठ में 156 साल का रिकॉर्ड टूटा, जुलाई में हुई रिकॉर्ड बारिश

मेरठ में 156 साल का रिकॉर्ड टूटा उत्तर प्रदेश के मेरठ शहर ने जुलाई 2024 में 156 सालों का मौसम रिकॉर्ड तोड़ दिया है। इस महीने हुई भारी बारिश ने पिछले सभी आंकड़ों को पीछे…

मेरठ में 156 साल का रिकॉर्ड टूटा

उत्तर प्रदेश के मेरठ शहर ने जुलाई 2024 में 156 सालों का मौसम रिकॉर्ड तोड़ दिया है। इस महीने हुई भारी बारिश ने पिछले सभी आंकड़ों को पीछे छोड़ दिया है। मौसम विभाग के अनुसार, जुलाई में कुल बारिश का आंकड़ा 156 सालों में सबसे अधिक दर्ज किया गया है।

कितनी हुई बारिश?

मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, मेरठ में जुलाई के महीने में सामान्य से कई गुना अधिक बारिश हुई। यह रिकॉर्ड 1868 के बाद से सबसे अधिक है। विशेषज्ञों का कहना है कि जलवायु परिवर्तन के कारण इस तरह की चरम मौसम घटनाएं बढ़ रही हैं।

जनजीवन पर प्रभाव

भारी बारिश के कारण मेरठ के कई इलाकों में जलभराव हो गया। सड़कों पर पानी भरने से यातायात बाधित हुआ और लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। निचले इलाकों में पानी घुसने से कई घर प्रभावित हुए। प्रशासन ने राहत कार्य शुरू कर दिए हैं और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है।

क्या कहना है मौसम विभाग का?

मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ दिनों में हल्की से मध्यम बारिश जारी रहने की संभावना है। विभाग ने लोगों को सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है। किसानों को भी फसलों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा गया है।

पाठकों के लिए महत्वपूर्ण जानकारी

  • मेरठ में जुलाई 2024 में 156 सालों में सबसे अधिक बारिश हुई।
  • भारी बारिश के कारण शहर के कई हिस्सों में जलभराव हुआ।
  • मौसम विभाग ने आगे भी बारिश की संभावना जताई है।
  • प्रशासन राहत कार्यों में जुटा हुआ है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

मेरठ में जुलाई में कितनी बारिश हुई?

मेरठ में जुलाई 2024 में 156 सालों में सबसे अधिक बारिश दर्ज की गई, जिसने पिछले सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए।

क्या मेरठ में बारिश से जनजीवन प्रभावित हुआ?

हां, भारी बारिश के कारण शहर के कई इलाकों में जलभराव हुआ और यातायात बाधित रहा।

क्या आगे भी बारिश जारी रहने की संभावना है?

मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों में हल्की से मध्यम बारिश जारी रहने की संभावना है।

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