Desh Duniya | अपराध

टुमकुरु पुलिस ने नकली नोट रैकेट का भंडाफोड़ किया, छह गिरफ्तार

मुख्य तथ्य टुमकुरु पुलिस ने एक बड़े नकली नोट रैकेट का भंडाफोड़ किया है। यह कार्रवाई एक छोटी महिला विक्रेता की सतर्कता से शुरू हुई, जिसने नकली 500 रुपये के नोट की सूचना दी। पुलिस…

मुख्य तथ्य

टुमकुरु पुलिस ने एक बड़े नकली नोट रैकेट का भंडाफोड़ किया है। यह कार्रवाई एक छोटी महिला विक्रेता की सतर्कता से शुरू हुई, जिसने नकली 500 रुपये के नोट की सूचना दी। पुलिस ने छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि मुख्य सरगना की तलाश जारी है।

पूरी घटना का विवरण

हुलियार क्षेत्र में एक महिला विक्रेता ने पुलिस को सूचित किया कि दो व्यक्तियों ने तम्बाकू खरीदते समय उसे 500 रुपये का नकली नोट दिया। महिला ने नोट पर संदेह होने के बावजूद उसे स्वीकार कर लिया और बाकी पैसे वापस कर दिए। बाद में उसने हुलियार पुलिस को फोन करके घटना की जानकारी दी।

पुलिस अधिकारी ने बताया, “उसने उस कार का नंबर नोट कर लिया था जिसमें आरोपी आए थे और हमें बताया।” इसके बाद पुलिस ने पीछा किया और चिक्कनायकनहल्ली पुलिस के साथ समन्वय करके आरोपियों को रोका। तलाशी में उनके पास से 39 नकली 500 रुपये के नोट बरामद हुए।

गिरफ्तारियां और जांच

पूछताछ में चार और आरोपियों के बारे में जानकारी मिली, जो अलग-अलग जिलों में रहते थे। एक मुख्य आरोपी को बेंगलुरु से गिरफ्तार किया गया, जबकि दूसरा मौके से भाग गया। पुलिस को संदेह है कि प्रिंटिंग की सुविधा बेंगलुरु में है और वहां छापेमारी की जा रही है।

रैकेट का तरीका

पुलिस सूत्रों के अनुसार, मुख्य सरगना और बेंगलुरु से गिरफ्तार आरोपी मिलकर नकली नोट छापते थे और फिर उन्हें ग्रामीण क्षेत्रों में खर्च करने के लिए छोटे-मोटे लोगों को देते थे। ये लोग एक सामान्य नेटवर्क के जरिए जुड़े होते थे।

आगे की कार्रवाई

पुलिस अब मुख्य सरगना की तलाश कर रही है, जिसकी गिरफ्तारी से नकली नोटों की डिजाइन और प्रिंटिंग उपकरणों के बारे में जानकारी मिलने की उम्मीद है। आरोपियों के नामों का खुलासा नहीं किया गया है क्योंकि जांच जारी है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

  • यह मामला कहां का है? यह मामला कर्नाटक के टुमकुरु जिले के हुलियार क्षेत्र का है।
  • पुलिस को इस रैकेट के बारे में कैसे पता चला? एक महिला विक्रेता ने नकली 500 रुपये के नोट की सूचना दी, जिसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की।
  • अब तक कितने लोग गिरफ्तार किए गए हैं? अब तक छह आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि मुख्य सरगना की तलाश जारी है।
  • नकली नोट कहां छापे जाते थे? पुलिस को संदेह है कि प्रिंटिंग की सुविधा बेंगलुरु में कहीं स्थित है।
Follow us on Google News

Explore more

बारुईपुर एनकाउंटर: नागरिक संगठनों ने न्यायिक जांच की मांग की

मुख्य तथ्य पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के बारुईपुर में 8 जुलाई 2026 को हुए पुलिस एनकाउंटर में 12 वर्षीय…

More on Desh Duniya from Himachal Pradesh

Cpi ने राम मंदिर दान घोटाले की जांच की मांग दोहराई, मोदी सरकार पर लगाया चुप्पी का आरोप

Key Facts The Communist Party of India (CPI) has renewed its call for a judicial investigation into the alleged misappropriation of donations…

कैलाश मानसरोवर यात्रा का पहला जत्था तिब्बत पहुंचा, लिपुलेख दर्रे से 48 श्रद्धालुओं ने की यात्रा

मुख्य तथ्य कैलाश मानसरोवर यात्रा 2026 का पहला जत्था शुक्रवार सुबह उत्तराखंड के लिपुलेख दर्रे से होते हुए तिब्बत में प्रवेश कर…

One Nation, One Election: 2029 तक लागू हो सकता है सुधार, संसदीय समिति का दावा

प्रमुख तथ्य एक राष्ट्र, एक चुनाव (One Nation, One Election) पर गठित संसदीय समिति ने दावा किया है कि यह सुधार 2029…