मुख्य तथ्य
केरल के वायनाड जिले में 7 जुलाई को हुए मलबा हटाने के काम के बाद भी पांच लोग लापता हैं। बुधवार, 8 जुलाई 2026 को भारी बारिश के बीच राहत और बचाव कार्य जारी है। मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन ने घटनास्थल का दौरा किया और मृतकों के परिवारों को 5 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की।
विस्तृत जानकारी
यह घटना वायनाड जिले के कल्लाडी, मेप्पाडी और चूरलमाला क्षेत्रों में हुई। मुख्यमंत्री सतीशन ने कल्लाडी में बचाव कार्यों का जायजा लिया और राहत शिविरों का दौरा किया। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता लापता लोगों को ढूंढना है।
बचाव दल में 60 सदस्यीय राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF), पुलिस, अग्निशमन और बचाव सेवाएं, और स्वयंसेवक शामिल हैं। भारी मलबे को हटाने के लिए भारी मशीनरी का उपयोग किया जा रहा है। कुत्तों की टीम भी तैनात की गई है, लेकिन भारी बारिश के कारण बचाव कार्य धीमा है।
बचाव कार्य की स्थिति
मुख्यमंत्री के अनुसार, जोन I और जोन II में तलाशी पूरी हो चुकी है, लेकिन लापता नहीं मिले। अब जोन III में तलाशी रात भर जारी रहेगी और गुरुवार सुबह तक पूरी होने की उम्मीद है। यदि आवश्यक हुआ तो गुरुवार सुबह नदी में भी तलाशी ली जाएगी।
10 घायलों में से तीन को निजी अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया है, जिनमें से दो की हालत गंभीर है। चार अन्य मरीज वार्ड में हैं, जबकि तीन को छुट्टी दे दी गई है।
प्रभाव और राहत
मलबा हटाने के कारण कम से कम 33 परिवारों के 93 लोगों को मेप्पाडी के सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज में बने राहत शिविर में स्थानांतरित किया गया। शिविर में 27 पुरुष, 32 महिलाएं और 34 बच्चे हैं।
कृषि मंत्री टी. सिद्दीक और राजस्व मंत्री ए.पी. अनिल कुमार ने जिला प्रशासन को प्रभावित क्षेत्रों में आवश्यक वस्तुएं उपलब्ध कराने और आदिवासी बस्तियों के निवासियों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने के निर्देश दिए। उन्होंने चूरलमाला में एक स्वास्थ्य उप-केंद्र स्थापित करने का भी निर्देश दिया।
जांच के निर्देश
केरल कैबिनेट ने घटना की विस्तृत जांच का फैसला किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जांच बहुआयामी होगी, जिसमें तकनीकी और कानूनी दोनों पहलुओं को देखा जाएगा। यह भी जांचा जाएगा कि सुरंग परियोजना के लिए केंद्र सरकार द्वारा दी गई पर्यावरणीय मंजूरी की शर्तों का पालन किया गया या नहीं। सुरंग का काम तब तक शुरू नहीं होगा जब तक ये जांच पूरी नहीं हो जाती।
गृह मंत्री अमित शाह ने मुख्यमंत्री से बात कर केंद्र की ओर से हर संभव मदद का आश्वासन दिया और उच्च स्तरीय जांच की सिफारिश की।
पाठकों के लिए महत्वपूर्ण
- मलबा हटाने का काम जारी है, लेकिन भारी बारिश के कारण चुनौतियां बनी हुई हैं।
- सरकार ने मृतकों के परिवारों को 5 लाख रुपये और घायलों के इलाज का खर्च वहन करने की घोषणा की है।
- सुरंग परियोजना की जांच के बाद ही काम फिर से शुरू होगा।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
वायनाड में मलबा हटाने का काम कहां हो रहा है?
यह काम केरल के वायनाड जिले के कल्लाडी, मेप्पाडी और चूरलमाला क्षेत्रों में चल रहा है।
इस घटना में कितने लोग लापता हैं?
पांच लोग अब भी लापता हैं, जिनकी तलाश जारी है।
मुख्यमंत्री ने पीड़ितों के लिए क्या घोषणा की?
मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन ने मृतकों के परिवारों को 5 लाख रुपये की अनुग्रह राशि और घायलों के इलाज का खर्च सरकार द्वारा वहन करने की घोषणा की।
केंद्र सरकार ने क्या सहायता दी?
गृह मंत्री अमित शाह ने मुख्यमंत्री से बात कर राज्य सरकार को हर संभव सहायता का आश्वासन दिया।