KVS का नया आदेश: संस्कृत की अनिवार्य कक्षा
केंद्रीय विद्यालय संगठन (KVS) ने सभी केंद्रीय विद्यालयों (KV) के लिए एक महत्वपूर्ण आदेश जारी किया है। अब हर KV में कक्षा 6 और 9 के लिए कम से कम एक अनिवार्य संस्कृत कक्षा होनी चाहिए। यह आदेश 29 मई को जारी किए गए एक परिपत्र के माध्यम से दिया गया है, जो भारत और विदेशों में स्थित सभी 1,334 KV (जिनमें 3 विदेशी KV शामिल हैं) पर लागू होगा।
तीन भाषा फॉर्मूला और विकल्प
KVS पहले से ही तीन भाषा फॉर्मूले का पालन करता है, जिसमें संस्कृत तीसरी भाषा है। नए नियम के अनुसार, छात्रों को अब तीसरी भाषा (R3) के रूप में संस्कृत या किसी अनुसूचित क्षेत्रीय भाषा को चुनने का विकल्प होगा। यह विकल्प R1 (हिंदी) और R2 (अंग्रेजी) से अलग होना चाहिए।
स्थानांतरित छात्रों के लिए सुविधा
KVS के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि यह नीति स्थानांतरित छात्रों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए बनाई गई है। संस्कृत को सभी KV में एक सामान्य विकल्प के रूप में रखा गया है, जबकि क्षेत्रीय भाषाएं उन छात्रों के लिए विकल्प हैं जो बार-बार स्थानांतरित नहीं होते।
डेटा अपलोड करने की समय सीमा
KVS ने तीन अनुस्मारक (10 अप्रैल, 27 मई और 29 मई) जारी करने के बाद सभी KV प्रिंसिपलों को निर्देश दिया है कि वे 2026-27 शैक्षणिक वर्ष के लिए R3 डेटा तुरंत Samagam पोर्टल पर अपलोड करें। यह डेटा 5 जून तक पूरा करना अनिवार्य है, ताकि स्टाफ की पुनर्गणना की जा सके।
स्टाफ और संसाधनों की चुनौती
अधिकारी ने स्वीकार किया कि कुछ KV में शिक्षकों की कमी और संसाधनों की चुनौतियां हैं। इन्हें दूर करने के लिए अनुबंधित शिक्षकों की नियुक्ति, चरणबद्ध रोल-आउट और SCERT सामग्री का उपयोग किया जाएगा।
कक्षा संरचना के नियम
परिपत्र के अनुसार, स्कूल छात्रों की संख्या के आधार पर मर्ज की गई कक्षाएं बना सकते हैं। उदाहरण के लिए:
- यदि संस्कृत और क्षेत्रीय भाषा चुनने वाले छात्रों की कुल संख्या 15 तक है, तो एक ही कक्षा में मिलाया जा सकता है।
- अधिक छात्र होने पर संस्कृत और क्षेत्रीय भाषा के लिए अलग-अलग कक्षाएं बनाई जा सकती हैं।
- हालांकि, प्रत्येक कक्षा में कम से कम एक संस्कृत कक्षा अनिवार्य है।
FAQ
क्या सभी केवी में संस्कृत अनिवार्य है?
हां, KVS ने आदेश दिया है कि हर केंद्रीय विद्यालय में कक्षा 6 और 9 के लिए कम से कम एक अनिवार्य संस्कृत कक्षा होनी चाहिए। छात्रों को संस्कृत या किसी अनुसूचित क्षेत्रीय भाषा में से चुनने का विकल्प होगा।
तीसरी भाषा के विकल्प क्या हैं?
तीसरी भाषा (R3) के रूप में छात्र संस्कृत या कोई अनुसूचित क्षेत्रीय भाषा चुन सकते हैं। यह विकल्प R1 (हिंदी) और R2 (अंग्रेजी) से अलग होना चाहिए।
यह नियम कब से लागू होगा?
यह नियम शैक्षणिक सत्र 2026-27 से लागू होगा। स्कूलों को 5 जून तक Samagam पोर्टल पर डेटा अपलोड करना होगा।