कोच्चि निगम के विकास कोष में भारी कटौती
केरल के कोच्चि नगर निगम के विकास कोष में यूडीएफ सरकार के संशोधित बजट में 109.66 करोड़ रुपये की भारी कटौती की गई है। वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (LDF) के पार्षदों ने इस फैसले के विरोध में 13 जुलाई 2026 को निगम सभागार में धरना देने का ऐलान किया है।
क्या है पूरा मामला?
LDF संसदीय दल के नेता वी.ए. श्रीजीत ने एक बयान में कहा कि पिछली LDF सरकार के बजट में निगम के सामान्य विकास कोष के लिए 133.34 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे, जबकि वर्तमान UDF सरकार के संशोधित बजट में इसे घटाकर मात्र 23.67 करोड़ कर दिया गया है। यह 109.66 करोड़ रुपये की भारी कमी है।
इसके अलावा, अनुसूचित जाति उप-योजना के तहत आवंटन 9.70 करोड़ से घटाकर 8.24 करोड़ कर दिया गया, जो 1.45 करोड़ की कमी है। अनुसूचित जनजाति उप-योजना में 2.59 करोड़ से घटाकर 2.20 करोड़ किया गया, यानी 38.75 लाख की कटौती।
क्या होगा असर?
श्रीजीत ने चेतावनी दी कि इस कटौती से शहर के बुनियादी ढांचे के विकास, सार्वजनिक स्वास्थ्य, जलभराव नियंत्रण, सड़क निर्माण, सामाजिक कल्याण परियोजनाओं, आवास, महिला एवं दिव्यांग कल्याण, शिक्षा और अनुसूचित जाति/जनजाति के उत्थान पर गंभीर संकट पैदा हो जाएगा। उन्होंने कहा, "निगम में शासन व्यवस्था ठप हो जाएगी।"
16वें वित्त आयोग का असर
हाल के वर्षों में कोच्चि निगम को 15वें वित्त आयोग के तहत शहरी समूह अनुदान मिल रहा था, जो बड़े शहरी केंद्रों की विशेष विकास आवश्यकताओं को पहचानता था। लेकिन 2026-27 से लागू होने वाले 16वें वित्त आयोग के तहत अनुदान आवंटन और उपयोग की शर्तों में बदलाव से विकास कार्य बुरी तरह प्रभावित होने की आशंका है।
राजनीतिक विरोध
श्रीजीत ने कहा कि UDF वर्तमान में राज्य और कोच्चि निगम दोनों पर शासन कर रही है। जिले से आने वाले मुख्यमंत्री ने बजट तैयार किया और पेश किया, फिर भी केरल की वृद्धि में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले कोच्चि को नजरअंदाज किया गया। उन्होंने नागरिकों से इस भेदभावपूर्ण व्यवहार के खिलाफ मजबूत प्रतिरोध करने का आह्वान किया।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
कोच्चि निगम के विकास कोष में कितनी कटौती हुई है?
पिछले LDF सरकार के बजट में 133.34 करोड़ था, जो UDF के संशोधित बजट में घटकर 23.67 करोड़ रह गया, यानी 109.66 करोड़ की कटौती।
LDF ने इस कटौती का विरोध क्यों किया?
LDF का कहना है कि इससे बुनियादी ढांचा, सार्वजनिक स्वास्थ्य, जलभराव नियंत्रण, सड़क निर्माण, सामाजिक कल्याण, शिक्षा, महिला एवं दिव्यांग कल्याण, अनुसूचित जाति/जनजाति उत्थान जैसी योजनाएं ठप हो जाएंगी।
क्या अन्य मदों में भी कटौती हुई है?
हां, अनुसूचित जाति उप-योजना में 1.45 करोड़ और अनुसूचित जनजाति उप-योजना में 38.75 लाख की कटौती हुई है।