प्रमुख तथ्य
मणिपुर में कुकी समूहों द्वारा अपहृत छह नागा नागरिकों के शव बरामद हुए हैं। इनमें से दो पादरियों के शवों की पहचान उनके कपड़ों के आधार पर की गई है। बाकी चार शव अत्यधिक विकृत अवस्था में होने के कारण अभी तक पहचाने नहीं जा सके हैं। यह घटना कांगपोकपी जिले के लेइलोन वैफेई गांव में हुई थी।
घटना का विवरण
यूनाइटेड नागा काउंसिल (UNC) के कार्यकारी सचिव ए.सी. थोत्सो ने बताया कि परिवारों ने इंफाल के जवाहरलाल नेहरू चिकित्सा विज्ञान संस्थान (JNIMS) मुर्दाघर में शवों की पहचान की। थोत्सो ने कहा, "हमें पता चला कि दो पीड़ितों, दोनों पादरी, के शवों की पहचान उनके कपड़ों के आधार पर हुई। अन्य चार शव अत्यधिक विकृत और कटे-फटे होने के कारण अभी तक पहचाने नहीं जा सके हैं।"
यूनाइटेड नागा काउंसिल की मांगें
12 जून, 2026 को UNC ने गृह मंत्री अमित शाह को एक ज्ञापन भेजकर केंद्र द्वारा 25 कुकी और जोमी उग्रवादी समूहों के साथ हस्ताक्षरित संचालन निलंबन समझौतों को रद्द करने की मांग की। UNC ने कुकी नेशनल फ्रंट (अध्यक्ष) समूह के सदस्यों की तत्काल गिरफ्तारी और अभियोजन की भी मांग की, जो कथित तौर पर पिछले महीने लेइलोन वैफेई गांव से 18 नागा नागरिकों के अपहरण में शामिल थे।
इसके अलावा, UNC ने लेइलोन वैफेई गांव के मुखिया लालबोई वैफेई और अन्य ग्रामीणों की गिरफ्तारी और अभियोजन की मांग की, जो कथित तौर पर 18 नागाओं के अपहरण और उनमें से छह की "निर्मम हत्या" में शामिल थे।
पृष्ठभूमि और प्रभाव
यह अपहरण तीन थाडौ चर्च नेताओं की हत्या के बाद हुआ। थाडौ समुदाय का एक वर्ग दावा करता है कि वह एक अलग समुदाय है और कुकी जनजाति समूह का हिस्सा नहीं है। UNC ने एक सेवारत मणिपुर पुलिसकर्मी पर भी "नागा नागरिकों के अपहरण और हत्या में शामिल होने" का आरोप लगाया।
मणिपुर के मूल निवासी समिति (Native People's Committee, Manipur) ने भी छह नागाओं की हत्या की निंदा की। समिति ने जवाबदेही की मांग करते हुए उनके अपहरण और हत्या की स्वतंत्र, निष्पक्ष और समयबद्ध जांच का आह्वान किया। "मूल निवासी" शब्द मणिपुर के संदर्भ में मुख्य रूप से मैतेई और नागा समुदायों को संदर्भित करता है।
पाठकों के लिए महत्वपूर्ण
यह घटना मणिपुर में जातीय तनाव को उजागर करती है। नागा और कुकी समुदायों के बीच संघर्ष ने राज्य में शांति प्रक्रिया को प्रभावित किया है। केंद्र सरकार से अपेक्षा है कि वह इस मामले में संवेदनशीलता बरते और दोषियों को सजा दिलाए।
FAQ
मणिपुर में कितने नागा नागरिकों का अपहरण हुआ था?
18 नागा नागरिकों का अपहरण हुआ था, जिनमें से छह की हत्या कर दी गई।
अपहृत नागाओं के शव कहां मिले?
शव इंफाल के जवाहरलाल नेहरू चिकित्सा विज्ञान संस्थान (JNIMS) मुर्दाघर में रखे गए हैं।
यूनाइटेड नागा काउंसिल ने केंद्र से क्या मांग की?
UNC ने कुकी और जोमी उग्रवादी समूहों के साथ हुए संचालन निलंबन समझौते को खत्म करने और अपराधियों की गिरफ्तारी की मांग की।
स्रोत: www.thehindu.com