जोगिंद्रनगर कॉलेज में जलभराव की समस्या
मंडी जिले के जोगिंद्रनगर स्थित राजीव गांधी राजकीय महाविद्यालय में मानसून सीजन के दौरान निकासी नालियों के बंद हो जाने से गंभीर जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई थी। बारिश का पानी परिसर में जमा होने लगा, जिससे फिसलन और गंदगी फैल गई। इससे छात्रों और स्टाफ को आवागमन में कठिनाई हो रही थी।
एनसीसी कैडेट्स ने संभाला मोर्चा
इस समस्या से निपटने के लिए एनसीसी कैडेट्स ने पहल की। एनसीसी एएनओ डॉ. स्मृति ठाकुर के मार्गदर्शन में कैडेट्स ने श्रमदान कर बंद नालियों की सफाई शुरू की। उन्होंने न केवल नालियों को साफ किया, बल्कि परिसर में जमा पानी को भी निकाला। इस अभियान में शिक्षकों और अन्य छात्रों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
स्थायी समाधान की दिशा में प्रयास
डॉ. स्मृति ठाकुर ने बताया कि इस श्रमदान का उद्देश्य जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान निकालना था। कैडेट्स ने गंदगी से भरी नालियों को साफ कर जल निकासी व्यवस्था को बहाल किया। इससे परिसर में फिसलन का खतरा कम हुआ और स्वच्छता में सुधार आया।
अन्य क्षेत्रों में भी जलभराव
कॉलेज परिसर के अलावा, हाईवे की सड़कों, अस्पताल और मिनी सचिवालय में भी बारिश के पानी से हालात खराब हुए हैं। लोक निर्माण विभाग के कर्मचारी इन क्षेत्रों में बंद नालियों को बहाल करने में जुटे हैं।
FAQ
जोगिंद्रनगर कॉलेज में जलभराव की समस्या क्यों हुई?
बारिश के मौसम में निकासी नालियां बंद हो जाने के कारण कॉलेज परिसर में पानी भर गया था, जिससे फिसलन और गंदगी फैल गई थी।
एनसीसी कैडेट्स ने इस समस्या का समाधान कैसे किया?
एनसीसी कैडेट्स ने शिक्षकों के साथ मिलकर श्रमदान किया और बंद नालियों को साफ कर जलभराव को दूर किया।
इस सफाई अभियान का नेतृत्व किसने किया?
एनसीसी एएनओ डॉ. स्मृति ठाकुर के नेतृत्व में यह अभियान चलाया गया।