परित्यक्त नवजात को मिली नई पहचान
केरल के माराडु में एक शॉपिंग मॉल के पास परित्यक्त अवस्था में मिले नौ दिन के बच्चे को अब 'कियान' नाम दिया गया है। फारसी और अरबी भाषा में इस नाम का अर्थ 'रॉयल्टी' होता है। यह नाम इस उम्मीद के साथ रखा गया है कि जन्म के समय हुई दुर्घटना उसके पूरे जीवन को प्रभावित नहीं करेगी।
अस्पताल से छुट्टी और कस्टडी
सोमवार (6 जुलाई 2026) को एर्नाकुलम जनरल हस्पताल के नवजात स्थिरीकरण इकाई से छुट्टी मिलने के बाद चाइल्ड वेलफेयर कमेटी (CWC) और डिस्ट्रिक्ट चाइल्ड प्रोटेक्शन यूनिट (DCPU) ने औपचारिक रूप से कियान की कस्टडी ले ली। डॉक्टरों ने पुष्टि की कि उसकी हालत स्थिर है और उसका वजन 2.4 किलोग्राम से बढ़कर 2.94 किलोग्राम हो गया है। कियान को 28 जून की सुबह माराडु पुलिस ने अस्पताल में भर्ती कराया था।
गोद लेने की प्रक्रिया शुरू
CWC अध्यक्ष उल्लास मधु ने बताया, "बच्चे को एक विशेष गोद लेने वाली एजेंसी की देखरेख में रखा जाएगा जब तक कि उसे कानूनी रूप से गोद लेने योग्य घोषित करने की औपचारिकताएं पूरी नहीं हो जातीं। हमने पुलिस और DCPU से रिपोर्ट मांगी है कि बच्चे को किन परिस्थितियों में छोड़ा गया और क्या उसके माता-पिता का पता लगाया जा सकता है। इन रिपोर्टों के आधार पर बच्चे को कानूनी रूप से परित्यक्त घोषित किया जाएगा।"
इसके बाद नवजात का विवरण राजपत्र और मीडिया में प्रकाशित करने की औपचारिकताएं शुरू होंगी। यदि निर्धारित अवधि में कोई बच्चे का दावा नहीं करता, तो उसे कानूनी रूप से गोद लेने के लिए स्वतंत्र घोषित कर दिया जाएगा।
CARA और SARA में पंजीकरण
जिला बाल संरक्षण अधिकारी जयंती पी. नायर ने कहा, "यह प्रक्रिया इसलिए अपनाई जानी है क्योंकि बच्चे को उसके परिवार द्वारा कानूनी रूप से समर्पित नहीं किया गया था। बच्चे को केंद्रीय दत्तक ग्रहण संसाधन प्राधिकरण (CARA) और राज्य दत्तक ग्रहण संसाधन एजेंसी (SARA) में पंजीकृत किया जाएगा और बारी-बारी से आवेदकों को गोद देने के लिए उपलब्ध कराया जाएगा।"
घटना का विवरण
कियान को 28 जून की मध्यरात्रि के तुरंत बाद माराडु के एक मॉल के पास परित्यक्त अवस्था में पाया गया था। एक मुखबिर ने माराडु पुलिस को सूचना दी थी। तब से वह अस्पताल में निगरानी में था।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- कियान नाम किसने रखा? अस्पताल और बाल कल्याण समिति ने मिलकर यह नाम रखा, जिसका अर्थ फारसी और अरबी में 'रॉयल्टी' होता है।
- कियान को गोद लेने की प्रक्रिया क्या है? पहले पुलिस और DCPU से रिपोर्ट मांगी गई है। यदि माता-पिता नहीं मिलते तो बच्चे को कानूनी रूप से परित्यक्त घोषित किया जाएगा, फिर राजपत्र और मीडिया में विज्ञापन दिया जाएगा। कोई दावा न करने पर CARA और SARA के माध्यम से गोद देने की प्रक्रिया शुरू होगी।
- कियान को कहां रखा जाएगा? गोद लेने की औपचारिकताएं पूरी होने तक उसे एक विशेष गोद लेने वाली एजेंसी की देखरेख में रखा जाएगा।