पर्यटकों की आमद में भारी कमी
कुल्लू जिले के कोकसर और सिस्सू क्षेत्रों में पर्यटकों की संख्या में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है। रोहतांग दर्रा की ओर जाने वाले इन पड़ावों पर जुलाई माह के आरंभ से ही पर्यटकों की आवक घट गई है, जिससे स्थानीय व्यापार प्रभावित हुआ है। बरसात के मौसम के आगमन को इस गिरावट का प्रमुख कारण माना जा रहा है।
कारोबार ठप, व्यापारी खेती की ओर
पर्यटन कारोबार ठप होने के बाद कोकसर और सिस्सू के कारोबारी अपने खेत-खलिहान की ओर रुख कर रहे हैं। स्थानीय व्यापारियों दिनेश, रजत, आर्यन, दीपक और राजेश ने बताया कि जुलाई आरंभ होते ही पर्यटकों की आमद में भारी कमी आई है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि इस वर्ष डेढ़ से दो महीने तक पर्यटन सीजन चला, जिससे सभी कारोबारी संतुष्ट हैं। अब वे आगामी अक्टूबर से दिसंबर तक के पर्यटन सीजन का इंतजार कर रहे हैं।
बदलता पर्यटन ट्रेंड
व्यापारियों के अनुसार, इन दिनों काजा और लेह जाने वाले बाइकर्स की लंबी कतारें देखी जा रही हैं, जो स्पीति की ऑफ-रोड ड्राइविंग का आनंद ले रहे हैं। साथ ही, विश्व प्रसिद्ध चंद्रताल झील की सुंदरता निहारने के लिए भी भारी संख्या में पर्यटक जा रहे हैं। इससे घाटी के पर्यटन कारोबारियों में खुशी का माहौल है, भले ही कोकसर और सिस्सू में कारोबार ठप हो।
पर्यटन सीजन का इंतजार
स्थानीय कारोबारियों को अब अक्टूबर से दिसंबर तक चलने वाले अगले पर्यटन सीजन की उम्मीद है। उनका मानना है कि इस दौरान पर्यटकों की संख्या में फिर से बढ़ोतरी होगी और कारोबार पटरी पर आ जाएगा।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
कोकसर और सिस्सू में पर्यटकों की संख्या क्यों घटी?
बरसात के मौसम की शुरुआत और पर्यटकों का रुझान काजा-लेह और चंद्रताल झील जैसे अन्य गंतव्यों की ओर बढ़ने से यहां पर्यटकों की संख्या में कमी आई है।
स्थानीय कारोबारियों पर इसका क्या असर हुआ?
पर्यटन कारोबार ठप होने से कारोबारी अपने खेत-खलिहान की ओर रुख कर रहे हैं। हालांकि, इस सीजन में डेढ़ से दो महीने का अच्छा कारोबार हुआ, जिससे वे संतुष्ट हैं।
अगला पर्यटन सीजन कब शुरू होने की उम्मीद है?
स्थानीय कारोबारियों को अक्टूबर से दिसंबर तक अगले पर्यटन सीजन का इंतजार है।