Shiksha | Civil Services

UPSC CSE Prelims में गिरावट, Mains में बढ़ोतरी: रिपोर्ट में खुलासा

मुख्य तथ्य संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की 74वीं वार्षिक रिपोर्ट (2023-24) के अनुसार, सिविल सेवा परीक्षा (CSE) प्रारंभिक परीक्षा में उपस्थित होने वाले उम्मीदवारों की संख्या में लगातार गिरावट आ रही है, जबकि मुख्य…

मुख्य तथ्य

संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की 74वीं वार्षिक रिपोर्ट (2023-24) के अनुसार, सिविल सेवा परीक्षा (CSE) प्रारंभिक परीक्षा में उपस्थित होने वाले उम्मीदवारों की संख्या में लगातार गिरावट आ रही है, जबकि मुख्य परीक्षा में उपस्थिति बढ़ रही है। 2023-24 में प्रीलिम्स में 10,27,514 उम्मीदवार शामिल हुए, जो 2022-23 के 11,52,566 और 2021-22 के 11,12,318 से कम है। यह तीन वर्षों में सबसे कम आंकड़ा है। इसके विपरीत, मुख्य परीक्षा में उपस्थिति 2021-22 में 9,156 से बढ़कर 2022-23 में 13,051 और 2023-24 में 14,579 हो गई, जो तीन वर्षों में सबसे अधिक है।

विस्तृत विश्लेषण

प्रीलिम्स में गिरावट के कारण

रिपोर्ट बताती है कि अभ्यर्थी अब अधिक समझदारी से परीक्षा दे रहे हैं। वे केवल तैयारी पूरी होने पर ही प्रीलिम्स में शामिल हो रहे हैं, जिससे उपस्थिति घट रही है। साथ ही, वे UPSC के अलावा राज्य लोक सेवा आयोगों और अन्य सरकारी परीक्षाओं पर भी ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।

मेंस में वृद्धि के कारण

मुख्य परीक्षा में उपस्थिति बढ़ने का कारण यह है कि जो उम्मीदवार प्रीलिम्स पास करते हैं, वे अब मेंस में शामिल होने के लिए अधिक प्रतिबद्ध हैं। यह भी संकेत है कि अभ्यर्थी अपने प्रयासों को अधिक केंद्रित कर रहे हैं।

प्रभाव और रुझान

रिक्तियों में उतार-चढ़ाव

UPSC CSE में रिक्तियों की संख्या में पिछले दशक में बड़ा बदलाव आया है। 2014 में 1,363 के उच्चतम स्तर के बाद, रिक्तियां घटकर 2018 में 812 और 2021 में 749 हो गईं। 2022 से स्थिति में सुधार हुआ है और रिक्तियां 1,000-1,100 के बीच स्थिर हो गई हैं।

राज्य PSC का बढ़ता महत्व

राज्य लोक सेवा आयोगों (जैसे BPSC, UPPSC) ने बड़ी संख्या में रिक्तियां निकाली हैं। BPSC की 71वीं संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा में 2,000 से अधिक पद निकले, जबकि UPPSC PCS 2024 में रिक्तियां 220 से बढ़ाकर 947 कर दी गईं। ये परीक्षाएं UPSC के समान प्रारूप (प्रीलिम्स-मेंस-इंटरव्यू) में होती हैं, जिससे अभ्यर्थियों को एक गंभीर विकल्प मिलता है।

परीक्षा पैटर्न में बदलाव

UPSC अब तथ्य-आधारित प्रश्नों के बजाय विश्लेषणात्मक और अवधारणात्मक प्रश्न पूछ रहा है। 2024 के प्रीलिम्स में जनरल स्टडीज पेपर I 55 पेज का था, जो अनिश्चितता को दर्शाता है। अभ्यर्थियों का कहना है कि अब परीक्षा में रटने के बजाय सोचने की क्षमता पर जोर है।

अभ्यर्थियों के विचार

बिहार के अभ्यर्थी आदित्य भार्गव का कहना है कि यदि सिविल सेवा में सफलता नहीं मिलती, तो वे सार्वजनिक नीति, शासन और विकास क्षेत्र में अवसर तलाशेंगे। मध्य प्रदेश के आकाश मिश्रा के अनुसार, MPPSC अपेक्षाकृत आसान है, लेकिन UPSC अधिक विश्लेषणात्मक है। दिल्ली के राजू कुमार बताते हैं कि करंट अफेयर्स अब स्थैतिक विषयों में मिल गए हैं, जिससे समय प्रबंधन कठिन हो गया है।

FAQ

UPSC CSE Prelims 2023-24 में कितने उम्मीदवार शामिल हुए?

2023-24 में प्रीलिम्स में 10,27,514 उम्मीदवार शामिल हुए, जो पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 1.25 लाख कम है।

UPSC CSE Mains में उपस्थिति क्यों बढ़ रही है?

अभ्यर्थी अब बेहतर तैयारी के बाद ही परीक्षा दे रहे हैं और राज्य लोक सेवा आयोगों जैसे वैकल्पिक रास्ते भी तलाश रहे हैं।

UPSC CSE में रिक्तियों का रुझान क्या है?

2014 में 1,363 के शिखर के बाद रिक्तियां घटकर 2021 में 749 हो गईं, लेकिन 2022 से स्थिर होकर 1,000-1,100 के बीच आ गई हैं।

क्या राज्य PSC परीक्षाएं UPSC का विकल्प बन रही हैं?

हां, राज्य PSC जैसे BPSC और UPPSC ने बड़ी संख्या में रिक्तियां निकाली हैं, जो UPSC के समान प्रारूप में होती हैं और अभ्यर्थियों को आकर्षित कर रही हैं।

Follow us on Google News

Explore more

Dtu ने 85वीं वर्षगांठ पर शुरू किए नए शैक्षणिक कार्यक्रम, डेटा साइंस और एप्लाइड स्टैटिस्टिक्स में इंटीग्रेटेड कोर्स शामिल

मुख्य तथ्य दिल्ली टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी (DTU) ने अपनी 85वीं वर्षगांठ के अवसर पर कई नए शैक्षणिक कार्यक्रमों की घोषणा की है। इनमें…

More on Shiksha from Himachal Pradesh

कंप्यूटर इंजीनियरिंग बनी भारत की सबसे पसंदीदा इंजीनियरिंग शाखा: aishe 2023-24 रिपोर्ट

मुख्य तथ्य एआईएसएचई (AISHE) 2023-24 की रिपोर्ट के अनुसार, कंप्यूटर इंजीनियरिंग भारत में सबसे अधिक पसंद की जाने वाली इंजीनियरिंग शाखा बन…

हिमाचल शिक्षा बोर्ड: 10वीं के बाद अंग्रेजी-गणित के साथ iti करने वालों को मिलेगी 12वीं आर्ट्स की समकक्षता

मुख्य तथ्य हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड (HPBOSE) ने स्पष्ट किया है कि दसवीं कक्षा उत्तीर्ण करने के बाद औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान…

भारत सरकार का मुफ्त AI कोर्स: YUVA AI for ALL में रजिस्टर करें और प्रमाणपत्र प्राप्त करें

प्रमुख तथ्य केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने IndiaAI Mission के तहत ‘YUVA AI for ALL’ नामक एक मुफ्त ऑनलाइन…