मुख्य तथ्य
तृणमूल कांग्रेस (TMC) सुप्रीमो ममता बनर्जी ने पार्टी में बड़ा फेरबदल करते हुए युवा विंग और महिला विंग के अध्यक्षों को बदल दिया है। जादवपुर से सांसद सायोनी घोष को युवा विंग के अध्यक्ष पद से हटाकर अर्नब बनर्जी को नियुक्त किया गया है। वहीं, कोलकाता दक्षिण से सांसद माला रॉय को महिला विंग (तृणमूल महिला कांग्रेस) के अध्यक्ष पद से हटाकर नादिया जिले के कालीगंज से विधायक आलिफा अहमद को यह जिम्मेदारी दी गई है। ये बदलाव 13 जून 2026 को किए गए।
विद्रोही सांसदों पर कार्रवाई
सायोनी घोष और माला रॉय को उन सांसदों में शामिल माना जा रहा है जिन्होंने पार्टी के खिलाफ विद्रोह किया है। 2026 के विधानसभा चुनावों में करारी हार के बाद TMC में आंतरिक कलह बढ़ गई है। विद्रोही गुट के नेताओं ने 15 जून 2026 को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मिलने की योजना बनाई है, जिसमें वे 'असली TMC' के रूप में मान्यता की मांग करेंगे। विद्रोही सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने घोषणा की है कि यदि उनके गुट को मान्यता मिलती है तो वे BJP-led NDA का समर्थन करेंगे।
पार्टी में व्यापक बदलाव
ममता बनर्जी ने 5 जून 2026 को पार्टी की सभी पूर्व समितियों और मोर्चों को भंग करने के बाद संगठनात्मक समिति का पुनर्गठन किया था। उन्होंने पार्टी के प्रति वफादार नेताओं और पुराने साथियों को नई संरचना में शामिल किया। विडंबना यह है कि उसी पुनर्गठन में सायोनी घोष और माला रॉय को भी उनके पदों पर बनाए रखा गया था, लेकिन अब उन्हें हटा दिया गया है। डायमंड हार्बर से सांसद और ममता के भतीजे अभिषेक बनर्जी को राष्ट्रीय महासचिव के रूप में फिर से नियुक्त किया गया है।
अन्य नियुक्तियां
बेलघाटा से सांसद कुणाल घोष को TMC के उत्तर कोलकाता संगठनात्मक जिले का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। यह पद पहले सुदीप बंद्योपाध्याय के पास था। वहीं, वरिष्ठ सांसद सौगत रॉय को TMC के लोकसभा विंग का मुख्य सलाहकार बनाया गया है। फिलहाल, ममता बनर्जी के प्रति वफादार केवल आठ सांसद बचे हैं।
विद्रोही गुट का दावा
विद्रोही गुट के नेताओं ने दावा किया है कि पार्टी के 28 लोकसभा सांसदों में से 20 ने उनके पत्र पर हस्ताक्षर किए हैं। एक वरिष्ठ राज्यसभा सांसद ने नाम न बताने की शर्त पर कहा, 'ममता दीदी ने दूध-कोला देकर सांप पाले थे।' यह टिप्पणी विद्रोही सांसदों के संदर्भ में की गई।
FAQ
TMC में हाल ही में क्या बड़ा बदलाव हुआ है?
ममता बनर्जी ने पार्टी के युवा विंग और महिला विंग के अध्यक्षों को बदल दिया है। सायोनी घोष की जगह अर्नब बनर्जी को युवा विंग का अध्यक्ष और माला रॉय की जगह आलिफा अहमद को महिला विंग का अध्यक्ष बनाया गया है।
सायोनी घोष और माला रॉय को क्यों हटाया गया?
दोनों नेताओं को पार्टी के विद्रोही सांसदों के समूह का हिस्सा माना जाता है, जिन्होंने लोकसभा में 'असली TMC' के रूप में मान्यता पाने के लिए अध्यक्ष ओम बिरला को पत्र लिखा है।
TMC में विद्रोह की स्थिति क्या है?
पार्टी के 28 लोकसभा सांसदों में से 20 ने विद्रोही खेमे का समर्थन किया है। विद्रोही नेताओं का कहना है कि वे BJP-led NDA को समर्थन देंगे।