प्रमुख तथ्य
तेलुगु देशम पार्टी (TDP) के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नारा लोकेश ने पार्टी नेताओं को 25 जून से 10 अगस्त तक 45 दिवसीय दरवाजा-दरवाजा अभियान चलाने का निर्देश दिया है। इस अभियान में सांसदों, विधायकों से लेकर बूथ स्तर के कार्यकर्ता शामिल होंगे और गठबंधन सरकार की उपलब्धियों को जनता तक पहुंचाएंगे।
अभियान का विवरण
16 जून, 2026 की रात को वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से वरिष्ठ नेताओं को संबोधित करते हुए नारा लोकेश ने कहा कि सरकार के पिछले दो वर्षों के प्रदर्शन के बारे में जागरूकता फैलाने की आवश्यकता है, क्योंकि भ्रामक प्रचार किया जा रहा है कि चुनाव के समय किए गए वादे केवल बयानबाजी तक सीमित रह गए।
उन्होंने कहा कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू के निर्देशानुसार, सरकार के कामकाज से संबंधित पैम्फलेट और पुस्तिकाएं हर घर में वितरित की जाएंगी ताकि जनता पूरी तरह से सूचित रहे।
प्रभाव और रणनीति
नारा लोकेश ने कहा कि श्री नायडू विकास के ब्रांड एंबेसडर हैं और बड़े पैमाने पर लागू की जा रही कल्याणकारी योजनाओं को जनता को समझाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि आंध्र प्रदेश ने अन्य राज्यों के लिए एक मानक स्थापित किया है।
लोकेश ने याद दिलाया कि पार्टी को 2014 और 2019 के बीच किए गए कार्यों को प्रचारित करने में असमर्थता और विरोधियों के दुर्भावनापूर्ण प्रचार के कारण हार का सामना करना पड़ा था। उन्होंने कहा कि ऐसा दोबारा नहीं होना चाहिए।
श्री नायडू, मंत्रियों, सांसदों और विधायकों के साथ हर दरवाजे पर जाएंगे।
मतदाता सूची की निगरानी
नारा लोकेश ने पार्टी नेताओं से मतदाता सूची के विशेष संशोधन (SIR) के दौरान सतर्क रहने को कहा ताकि प्रक्रिया त्रुटि मुक्त रहे। SIR के संचालन में किसी भी समस्या की सूचना पार्टी के केंद्रीय कार्यालय में स्थापित मतदाता सत्यापन प्रकोष्ठ को दी जानी चाहिए।
FAQ
TDP का 45 दिवसीय दरवाजा-दरवाजा अभियान कब शुरू होगा?
यह अभियान 25 जून से 10 अगस्त तक चलेगा।
इस अभियान का उद्देश्य क्या है?
अभियान का उद्देश्य गठबंधन सरकार की उपलब्धियों को जनता तक पहुंचाना और भ्रामक प्रचार का मुकाबला करना है।
इस अभियान में कौन-कौन से दल शामिल होंगे?
TDP के साथ BJP और जन सेना पार्टी के नेता भी इस अभियान में भाग लेंगे।
पार्टी ने यह अभियान क्यों शुरू किया है?
पार्टी ने 2014-2019 के कार्यकाल में अपनी उपलब्धियों को प्रचारित न कर पाने के कारण हार का सामना किया था, इसलिए इस बार जनता को सीधे जानकारी देने का निर्णय लिया गया है।
स्रोत: www.thehindu.com