प्रमुख तथ्य
तृणमूल कांग्रेस (TMC) में जारी आंतरिक कलह के बीच पार्टी के वरिष्ठ नेता और सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने शुक्रवार (12 जून, 2026) को ममता बनर्जी के प्रति अपनी अटूट निष्ठा व्यक्त की। उन्होंने पार्टी छोड़ने वालों पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि उनके लिए केवल ममता बनर्जी ही नेता हैं।
शत्रुघ्न सिन्हा का बयान
शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा, "मैं लोगों के सुख-दुख का साथी हूं और इस मुश्किल घड़ी में ममता जी के साथ हूं।" उन्होंने आगे कहा, "मैं उनके साथ था और रहूंगा। फिलहाल मेरा किसी अन्य दिशा में जाने या कोई अन्य गठबंधन बनाने का कोई इरादा नहीं है।" सिन्हा ने ममता बनर्जी को एक "परिपक्व, परखी हुई, सफल नेता" बताया और कहा कि 41% वोट शेयर हासिल करना आसान नहीं है, जो आज के राजनीतिक परिदृश्य में अधिकांश दलों को नसीब नहीं होता।
पार्टी छोड़ने वालों पर निशाना
जब उनसे पार्टी छोड़ने वाले सहयोगियों के बारे में पूछा गया, तो सिन्हा ने बिना नाम लिए सायोनी घोष पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ नेताओं ने "दीदी" की नकल की और फिर उन्हें अकेला छोड़ दिया। उन्होंने पार्टी छोड़ने के पीछे "लालच, डर या एजेंसियों का दबाव" होने की संभावना जताई। सिन्हा ने स्पष्ट किया, "उनमें से कोई मेरा नेता नहीं है। मेरा केवल एक नेता है और वह हैं ममता बनर्जी।"
अभिषेक बनर्जी और कल्याण बनर्जी विवाद
कल्याण बनर्जी द्वारा अभिषेक बनर्जी के नेतृत्व शैली पर उठाई गई आपत्तियों पर शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा कि कल्याण बनर्जी एक "बौद्धिक श्रेष्ठ" हैं और उन्हें अपनी शिकायतें पार्टी के आंतरिक चैनलों के माध्यम से रखनी चाहिए।
भाजपा में शामिल होने की अटकलें खारिज
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल होने की संभावना पर सिन्हा ने अपने पूर्व दल के साथ 30 साल के लंबे जुड़ाव को स्वीकार किया, लेकिन कहा कि जिन्होंने मुश्किल समय में उनका साथ दिया, वे उनके प्रति वफादार रहेंगे। उन्होंने कहा, "मैं किसी का नाम नहीं ले सकता, लेकिन... जिन्होंने मेरे अच्छे और बुरे समय में मेरा साथ दिया, खासकर बुरे समय में, ममता जी आगे आईं और उन्होंने मुझे अवसर दिया। अब मेरी नेता ममता बनर्जी हैं और ममता बनर्जी ही रहेंगी। फिलहाल मेरा कहीं और जाने का कोई इरादा नहीं है।"
पाठकों के लिए महत्वपूर्ण बातें
- शत्रुघ्न सिन्हा ने ममता बनर्जी के प्रति अपनी वफादारी दोहराई है और पार्टी छोड़ने वालों की आलोचना की है।
- उन्होंने अभिषेक बनर्जी को अपना नेता न मानने की बात कही है, जो पार्टी में चल रहे अंदरूनी विवाद को दर्शाता है।
- सिन्हा ने भाजपा में शामिल होने की अटकलों को खारिज कर दिया है और ममता बनर्जी के साथ बने रहने का संकल्प व्यक्त किया है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
शत्रुघ्न सिन्हा ने किसे अपना नेता बताया?
शत्रुघ्न सिन्हा ने ममता बनर्जी को अपना एकमात्र नेता बताया और कहा कि अभिषेक बनर्जी या कोई और उनके नेता नहीं हैं।
शत्रुघ्न सिन्हा ने पार्टी छोड़ने वालों पर क्या टिप्पणी की?
उन्होंने पार्टी छोड़ने वालों पर निशाना साधते हुए कहा कि वे ममता बनर्जी की नकल करके उन्हें अकेला छोड़ गए और इसके पीछे लालच, डर या एजेंसियों का दबाव हो सकता है।
क्या शत्रुघ्न सिन्हा भाजपा में शामिल होने की योजना बना रहे हैं?
नहीं, उन्होंने स्पष्ट किया कि फिलहाल उनका किसी अन्य पार्टी में जाने का कोई इरादा नहीं है और वे ममता बनर्जी के साथ बने रहेंगे।
स्रोत: www.hindustantimes.com