मुख्य तथ्य
उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले में एक साल की बच्ची से दुष्कर्म के आरोपी को पुलिस एनकाउंटर में गोली लगने के बाद भड़की हिंसा में एक भीड़ ने पुलिस चौकी पर पथराव किया। पुलिस ने मामला दर्ज कर तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। यह घटना खुटार थाना क्षेत्र की है।
पूरी घटना
पुलिस के अनुसार, 9 जून 2026 को एक साल की बच्ची के पिता ने गुड्डू शर्मा नामक व्यक्ति के खिलाफ दुष्कर्म की शिकायत दर्ज कराई। आरोपी बच्ची को जानता था। पुलिस ने तुरंत टीम बनाई और उसी रात एनकाउंटर में आरोपी को गिरफ्तार किया, जिसमें उसके दोनों पैरों में गोली लगी।
पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल किया और पछतावा जताया। लेकिन 11 जून 2026 की शाम को गांव के प्रधान शोभित कुमार ने ग्रामीणों को इकट्ठा कर दावा किया कि आरोपी 'निर्दोष' है। भीड़ पुलिस चौकी पहुंची और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
हिंसा और पुलिस कार्रवाई
पुलिस ने प्रदर्शनकारियों से शिकायत दर्ज कराने और जांच का आश्वासन दिया, लेकिन भीड़ नहीं मानी। उन्होंने पुलिसकर्मियों पर पथराव किया और पुलिस वाहनों को पलटने की कोशिश की। पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर भीड़ को तितर-बितर किया।
एसपी सौरभ दीक्षित ने बताया कि प्रधान शोभित कुमार, बलराम, बसंत, राजेंद्र, मोहित और कुछ अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। बसंत, राजेंद्र और मोहित को गिरफ्तार कर लिया गया है। जांच जारी है।
प्रभाव और सबक
इस घटना ने कानून व्यवस्था और सामाजिक न्याय पर सवाल खड़े किए हैं। पुलिस की त्वरित कार्रवाई सराहनीय है, लेकिन भीड़ द्वारा आरोपी को निर्दोष बताना चिंताजनक है। यह मामला बच्चों के खिलाफ अपराधों की गंभीरता और न्याय प्रक्रिया में जनता के विश्वास को रेखांकित करता है।
FAQ
शाहजहांपुर में पुलिस चौकी पर पथराव क्यों हुआ?
एक साल की बच्ची से दुष्कर्म के आरोपी गुड्डू शर्मा को पुलिस एनकाउंटर में गोली लगने के बाद ग्राम प्रधान ने उसे निर्दोष बताकर भीड़ इकट्ठा की और पुलिस चौकी पर पथराव किया।
इस मामले में कितने लोग गिरफ्तार हुए हैं?
पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ्तार किया है: बसंत, राजेंद्र और मोहित। ग्राम प्रधान शोभित कुमार समेत अन्य के खिलाफ FIR दर्ज की गई है।
आरोपी गुड्डू शर्मा की क्या स्थिति है?
गुड्डू शर्मा को एनकाउंटर में दोनों पैरों में गोली लगी है। वह अस्पताल में भर्ती है और पुलिस हिरासत में है।