केलांग में आपदा बचाव प्रशिक्षण का आयोजन
लाहौल-स्पीति जिले के केलांग स्थित पीएमश्री केंद्रीय विद्यालय में सोमवार को 14वीं बटालियन राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) जसूर (जिला कांगड़ा) ने स्कूल सेफ्टी प्रोग्राम का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और आपदा प्रबंधन की बारीकियां सीखीं।
प्रशिक्षण का उद्देश्य
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को प्राकृतिक एवं मानवजनित आपदाओं के प्रति जागरूक करना तथा आपदा की स्थिति में सुरक्षित रहने के उपायों की जानकारी देना था। एनडीआरएफ के अधिकारियों ने विद्यार्थियों को भूकंप, भूस्खलन, आग लगने सहित विभिन्न आपदाओं के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों, प्राथमिक उपचार और सुरक्षित निकासी की व्यावहारिक जानकारी दी।
प्राचार्य का वक्तव्य
विद्यालय के प्राचार्य युद्धबीर सिंह ने कहा कि इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम विद्यार्थियों में आपदा प्रबंधन के प्रति समझ, सतर्कता और आत्मविश्वास विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने विद्यालय में उपयोगी प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए 14वीं बटालियन एनडीआरएफ की टीम का आभार व्यक्त किया।
प्रशिक्षण के मुख्य बिंदु
- भूकंप के दौरान सुरक्षित स्थान पर शरण लेना और ड्रॉप-कवर-होल्ड तकनीक का अभ्यास।
- भूस्खलन की स्थिति में ऊंचाई वाले क्षेत्रों की ओर जाना और खतरे वाले क्षेत्रों से दूर रहना।
- आग लगने पर फायर एक्सटिंग्विशर का उपयोग और आपातकालीन निकासी मार्गों की पहचान।
- प्राथमिक उपचार: घावों पर पट्टी बांधना, फ्रैक्चर को स्थिर करना और सीपीआर देना।
विद्यार्थियों की प्रतिक्रिया
प्रशिक्षण में भाग लेने वाले विद्यार्थियों ने इसे अत्यंत उपयोगी बताया। उन्होंने कहा कि अब वे आपदा के समय घबराने के बजाय सूझबूझ से काम ले सकेंगे। कई छात्रों ने प्राथमिक उपचार और निकासी तकनीकों को सीखने में विशेष रुचि दिखाई।
निष्कर्ष
एनडीआरएफ द्वारा आयोजित यह स्कूल सेफ्टी प्रोग्राम विद्यार्थियों को आपदाओं से निपटने के लिए तैयार करने की दिशा में एक सराहनीय कदम है। ऐसे प्रशिक्षणों से न केवल जीवन रक्षा की क्षमता बढ़ती है, बल्कि समुदाय में आपदा प्रबंधन के प्रति जागरूकता भी फैलती है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
यह प्रशिक्षण कहां आयोजित किया गया?
पीएमश्री केंद्रीय विद्यालय केलांग (लाहौल-स्पीति) में।
प्रशिक्षण किस संस्था ने दिया?
14वीं बटालियन राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) जसूर (जिला कांगड़ा) ने।
प्रशिक्षण में किन विषयों को शामिल किया गया?
भूकंप, भूस्खलन, आग लगने जैसी आपदाओं में सावधानियां, प्राथमिक उपचार और सुरक्षित निकासी।