घटना का संक्षिप्त विवरण
जवाली (कांगड़ा) में एक संदिग्ध मौत के मामले ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। पंचायत पनालथ के गांव देहरी निवासी सुनील कुमार उर्फ नोखा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। कुछ दिन पहले ही उन पर लापता युवक साहिल मनहास की हत्या का आरोप लगा था।
कैसे हुई घटना?
शुक्रवार को सुनील कुमार अपने घर के पास जंगल में बेसुध और चिल्लाती हालत में मिले। परिजनों ने उन्हें चारपाई पर उठाकर सड़क तक पहुंचाया और इलाज के लिए ले जाने की कोशिश की। इसी दौरान क्षेत्र में पिछले चार दिनों से लापता जरोट निवासी साहिल मनहास (25) का शव पौंग बांध की भूमि पर एक खंडहर से बरामद हुआ।
तनावपूर्ण माहौल
साहिल के परिजनों ने सुनील और उसके रिश्तेदारों पर हत्या का आरोप लगाया था। जब परिजन सुनील को अस्पताल ले जा रहे थे, तो साहिल की मौत से आक्रोशित ग्रामीणों और परिजनों ने रास्ता रोक दिया। मौके पर पहुंचे डीएसपी वीरी सिंह ने गुस्साए लोगों को शांत कराया, जिसके बाद सुनील को सिविल अस्पताल जवाली ले जाया जा सका।
मौत और जांच
सिविल अस्पताल जवाली में प्राथमिक उपचार के बाद सुनील को टांडा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया, जहां शनिवार को इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। डीएसपी वीरी सिंह ने बताया कि पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। दोनों युवकों की मौत के वास्तविक कारणों का पता पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। पुलिस मामले के हर पहलू की गहनता से जांच कर रही है।
FAQ
सुनील कुमार की मौत कैसे हुई?
सुनील कुमार जंगल में बेसुध मिले थे, जिन्हें अस्पताल ले जाया गया जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मौत का सही कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट से स्पष्ट होगा।
साहिल मनहास का शव कहां मिला?
साहिल मनहास का शव पौंग बांध की भूमि पर एक खंडहर से बरामद हुआ। वह चार दिनों से लापता था।
पुलिस ने इस मामले में क्या कार्रवाई की?
पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। डीएसपी वीरी सिंह के नेतृत्व में जांच जारी है।
क्या सुनील और साहिल की मौत के बीच कोई संबंध है?
सुनील पर साहिल की हत्या का आरोप था। दोनों की मौत के कारणों का पता फॉरेंसिक रिपोर्ट के बाद चलेगा।