मुख्य तथ्य
झारखंड के छह जिलों में शनिवार रात से रविवार सुबह तक आकाशीय बिजली गिरने से आठ लोगों की मौत हो गई। मृतकों में तीन महिलाएं और दो बच्चे शामिल हैं। पुलिस ने रविवार (14 जून, 2026) को यह जानकारी दी।
घटनाओं का विवरण
रांची जिला
रांची जिले में दो लोगों की मौत हुई। पीठोरिया थाना क्षेत्र के बढ़ू गांव निवासी जीतू महली (55) और कटमकुली गांव निवासी निराशो देवी (33) खेतों में काम कर रहे थे, तभी बिजली गिरने से उनकी मौत हो गई। उपनिरीक्षक सत्यदेव प्रसाद ने बताया कि दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
गढ़वा जिला
गढ़वा जिले में दो मौतें हुईं। खरौंधी थाना क्षेत्र के सुंडी गांव निवासी रीना देवी (30) पेड़ के नीचे बारिश से बचने के लिए खड़ी थीं, तभी बिजली गिरी। थाना प्रभारी गुलशन कुमार गौतम ने यह जानकारी दी। वहीं, केतार थाना क्षेत्र के मुकुंदपुर गांव निवासी राम अवतार पाल (65) भेड़ चराते समय बिजली की चपेट में आ गए। उपनिरीक्षक अरुण कुमार ने बताया कि वह एक चरवाहा थे।
गिरिडीह जिला
गिरिडीह जिले के राज धनवार ब्लॉक के घोषकेदीह गांव में एक 10 वर्षीय बालक की बिजली गिरने से झुलसने के बाद मौत हो गई। राज धनवार थाना प्रभारी बरजेश कुमार ने बताया कि बच्चे को कोडरमा सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
चतरा जिला
चतरा जिले के सदर थाना क्षेत्र में डीसी कार्यालय के पीछे स्थित इको पार्क में काम कर रही 35 वर्षीय महिला मजदूर गीता देवी पर बिजली गिरी। सदर थाना प्रभारी अवधेश कुमार सिंह ने बताया कि वह बारियो गांव की निवासी थी और अस्पताल ले जाते समय उसकी मौत हो गई।
सरायकेला-खरसावां जिला
सरायकेला-खरसावां जिले के राजनगर थाना क्षेत्र में संदिरदीह गांव में संजय देवगम (35), उनके पिता (60) और नौ वर्षीय बेटी एक झोपड़ी में शरण लिए हुए थे, तभी बिजली गिरी। तीनों को राजनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने संजय को मृत घोषित कर दिया। पिता और बेटी घायल हैं।
जामताड़ा जिला
जामताड़ा जिले के करमाटार थाना क्षेत्र के बिठारा गांव में मोहरिल मियां अपने तीन बच्चों के साथ खेत जा रहे थे, तभी बिजली गिरी। उनके 10 वर्षीय बेटे की मौके पर ही मौत हो गई। मोहरिल और अन्य दो बच्चे मामूली रूप से घायल हुए हैं और खतरे से बाहर हैं। करमाटार थाना प्रभारी आलख चौबे ने यह जानकारी दी।
प्रभाव और सुरक्षा उपाय
इन घटनाओं ने आकाशीय बिजली से बचाव के प्रति जागरूकता की आवश्यकता को रेखांकित किया है। विशेषज्ञों के अनुसार, तूफान के दौरान खुले मैदान, पेड़ के नीचे या ऊंची जगहों पर नहीं जाना चाहिए। घर के अंदर रहना और बिजली के उपकरणों से दूर रहना सुरक्षित है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
झारखंड में आकाशीय बिजली गिरने से कितने लोगों की मौत हुई?
छह जिलों में आकाशीय बिजली गिरने से आठ लोगों की मौत हुई, जिनमें तीन महिलाएं और दो बच्चे शामिल हैं।
किन जिलों में ये घटनाएं हुईं?
रांची, गढ़वा, चतरा, गिरिडीह, सरायकेला-खरसावां और जामताड़ा जिलों में ये घटनाएं हुईं।
बिजली गिरने से बचने के लिए क्या सावधानियां बरतनी चाहिए?
आकाशीय बिजली के दौरान खुले मैदान, पेड़ के नीचे या ऊंची जगहों पर न जाएं। घर के अंदर रहें और बिजली के उपकरणों से दूर रहें।