मुख्य तथ्य
भारत ने फिलिस्तीन की संयुक्त राष्ट्र (UN) में पूर्ण सदस्यता की बोली का समर्थन किया है और इज़राइल-फिलिस्तीन संघर्ष के लिए दो-राज्य समाधान के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है। यह जानकारी विदेश मंत्रालय की सचिव श्रीप्रिया रंगनाथन ने ब्रुसेल्स में फिलिस्तीन दाता समूह की मंत्रिस्तरीय बैठक में दी।
विस्तृत जानकारी
13 जुलाई 2026 को आयोजित इस बैठक में श्रीप्रिया रंगनाथन ने कहा कि भारत फिलिस्तीनी लोगों का दीर्घकालिक भागीदार रहा है। उन्होंने दो-राज्य समाधान और फिलिस्तीन की UN सदस्यता के लिए भारत के निरंतर समर्थन की पुष्टि की। यह समाधान अंतरराष्ट्रीय कानून के अनुरूप इज़राइल और फिलिस्तीन को मान्यता प्राप्त सीमाओं के भीतर शांति और सुरक्षा के साथ सह-अस्तित्व में रहने की परिकल्पना करता है।
भारत की विकास सहायता
रंगनाथन ने फिलिस्तीन को भारत की चल रही विकास सहायता पर प्रकाश डाला, जिसमें क्षमता निर्माण कार्यक्रम और मानवीय सहायता शामिल है। उन्होंने बताया कि भारत की परियोजनाएं मांग-संचालित हैं और मुख्य रूप से स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा, क्षमता निर्माण और व्यावसायिक प्रशिक्षण पर केंद्रित हैं।
नई परियोजनाएं
भारत वर्तमान में फिलिस्तीन में स्वास्थ्य सेवा, महिला सशक्तिकरण और संस्थान निर्माण के क्षेत्रों में बड़ी परियोजनाओं में लगा हुआ है। रंगनाथन ने पुनर्वास, स्वास्थ्य, शिक्षा और व्यावसायिक प्रशिक्षण पर केंद्रित कई नई परियोजनाओं की घोषणा की।
प्रभाव और महत्व
यह समर्थन वैश्विक मंच पर फिलिस्तीन की स्थिति को मजबूत करता है और मध्य पूर्व शांति प्रक्रिया में भारत की सक्रिय भूमिका को दर्शाता है। भारत का रुख संयुक्त राष्ट्र और अंतरराष्ट्रीय कानून के प्रति उसकी प्रतिबद्धता के अनुरूप है।
पाठकों के लिए महत्वपूर्ण बातें
- भारत ने फिलिस्तीन की UN सदस्यता का समर्थन किया है।
- दो-राज्य समाधान पर जोर दिया गया है।
- फिलिस्तीन में नई विकास परियोजनाओं की घोषणा की गई है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
भारत ने फिलिस्तीन की UN सदस्यता का समर्थन क्यों किया?
भारत लंबे समय से फिलिस्तीनी लोगों का समर्थक रहा है और दो-राज्य समाधान में विश्वास रखता है, जिसमें इज़राइल और फिलिस्तीन शांति और सुरक्षा के साथ सह-अस्तित्व में रहें।
दो-राज्य समाधान क्या है?
दो-राज्य समाधान एक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त ढांचा है जिसमें एक स्वतंत्र फिलिस्तीनी राज्य का निर्माण शामिल है, जो इज़राइल के साथ शांतिपूर्वक सह-अस्तित्व में रहे।
फिलिस्तीन दाता समूह की बैठक में भारत ने क्या घोषणा की?
भारत ने फिलिस्तीन में पुनर्वास, स्वास्थ्य, शिक्षा और व्यावसायिक प्रशिक्षण पर केंद्रित कई नई परियोजनाओं की घोषणा की।