मुख्य तथ्य
हैदराबाद में मई 2025 में आवासीय संपत्ति पंजीकरण में उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई। नाइट फ्रैंक इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, इस महीने ₹5,887 करोड़ मूल्य की संपत्तियां पंजीकृत हुईं, जो पिछले वर्ष की तुलना में 35% अधिक है। लेन-देन मूल्य में 37% की वृद्धि हुई। अप्रैल 2025 की तुलना में पंजीकरण में 22% और मूल्य में 26% की वृद्धि दर्ज की गई।
गाइडेंस वैल्यू में बदलाव का प्रभाव
तेलंगाना सरकार ने 5 जून से गाइडेंस वैल्यू में संशोधन लागू किया, जिसमें विभिन्न स्थानों पर 25% से 100% तक और अपार्टमेंट के लिए 10% से 20% तक वृद्धि की गई। पंजीकरण शुल्क 7.5% पर स्थिर रहा, लेकिन उच्च गाइडेंस वैल्यू से कुल लागत बढ़ने की उम्मीद है। इसके चलते खरीदारों ने नई दरों से पहले पंजीकरण कराने में तेजी दिखाई।
मूल्य वर्ग के अनुसार बाजार
- ₹1 करोड़ से अधिक: कुल पंजीकरण का 19% लेकिन कुल मूल्य का 49% योगदान।
- ₹50 लाख से ₹1 करोड़: सबसे अधिक वृद्धि (40%) दर्ज की गई।
- ₹50 लाख से कम: 33% वृद्धि, कुल पंजीकरण का 54% हिस्सा।
आकार और स्थान के अनुसार प्राथमिकताएं
अधिकांश खरीदारों ने 1,000 से 2,000 वर्ग फुट के यूनिट पसंद किए, जो कुल पंजीकरण का 65% रहे। 2,000 वर्ग फुट से बड़ी संपत्तियां 20% रहीं। शीर्ष पांच लेन-देन में सभी ₹10 करोड़ से अधिक मूल्य के थे, जिनमें से चार जुबली हिल्स और एक रायदुर्ग में हुए। सबसे महंगी संपत्ति जुबली हिल्स में ₹13.13 करोड़ की थी।
FAQ
मई 2025 में हैदराबाद में संपत्ति पंजीकरण में कितनी वृद्धि हुई?
मई 2025 में हैदराबाद में आवासीय संपत्ति पंजीकरण में 35% की वृद्धि हुई, जबकि लेन-देन मूल्य में 37% की वृद्धि दर्ज की गई।
गाइडेंस वैल्यू में बदलाव का संपत्ति बाजार पर क्या प्रभाव पड़ा?
तेलंगाना सरकार द्वारा गाइडेंस वैल्यू में 25% से 100% तक की वृद्धि के कारण खरीदारों ने नई दरों से पहले पंजीकरण कराने में तेजी दिखाई।
किस मूल्य वर्ग की संपत्तियों की सबसे अधिक मांग रही?
₹50 लाख से ₹1 करोड़ के बीच की संपत्तियों की मांग सबसे अधिक रही, जिसमें 40% की वृद्धि दर्ज की गई।
स्रोत: www.thehindu.com