प्रमुख तथ्य
इरोड जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि हथकरघा आरक्षण अधिनियम के तहत आरक्षित उत्पादों को पॉवरलूम पर निर्मित करना दंडनीय अपराध है। जिला कलेक्टर वी. कंडासामी ने एक प्रेस विज्ञप्ति में यह चेतावनी जारी की।
विस्तृत जानकारी
इरोड, जो एक प्रमुख वस्त्र केंद्र है, में सुरमपट्टी स्थित प्रवर्तन शाखा कार्यालय इस अधिनियम के क्रियान्वयन की निगरानी करता है। यह अधिनियम हथकरघा क्षेत्र और बुनकरों की आजीविका की रक्षा के लिए बनाया गया है।
आरक्षित उत्पादों की सूची
- सूती और रेशमी साड़ियाँ (बॉर्डर डिज़ाइन सहित)
- धोती
- तौलिए
- लुंगी
- बेडशीट
- ड्रेस मटेरियल
- जमक्कलम
- कंबल
- शॉल
- ऊनी ट्वीड
इन 11 श्रेणियों के उत्पाद केवल हथकरघा पर बनाए जा सकते हैं। पॉवरलूम पर इनका निर्माण अधिनियम का उल्लंघन है।
प्रभाव और कार्रवाई
प्रवर्तन शाखा एक निगरानी समिति के माध्यम से निरीक्षण करती है और उल्लंघन पाए जाने पर पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई जाती है। मामले अदालत में ले जाए जाते हैं। कलेक्टर ने बताया कि जन विश्वास (प्रावधानों में संशोधन) अधिनियम, 2026 के तहत दोषियों को तीन महीने तक की कैद, 10,000 रुपये प्रति लूम जुर्माना, या दोनों हो सकते हैं।
पाठकों के लिए सुझाव
यदि आप हथकरघा उद्योग से जुड़े हैं या संदिग्ध गतिविधि देखते हैं, तो इरोड प्रवर्तन शाखा कार्यालय से 0424-2275142 पर संपर्क कर सकते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
हथकरघा आरक्षण अधिनियम के तहत किन उत्पादों को आरक्षित किया गया है?
सूती और रेशमी साड़ियाँ (बॉर्डर डिज़ाइन सहित), धोती, तौलिए, लुंगी, बेडशीट, ड्रेस मटेरियल, जमक्कलम, कंबल, शॉल और ऊनी ट्वीड सहित 11 श्रेणियों के उत्पाद हथकरघा के लिए आरक्षित हैं।
पॉवरलूम पर आरक्षित उत्पाद बनाने पर क्या सजा है?
जन विश्वास (प्रावधानों में संशोधन) अधिनियम, 2026 के तहत दोषियों को तीन महीने तक की कैद, 10,000 रुपये प्रति लूम जुर्माना, या दोनों हो सकते हैं।
शिकायत या जानकारी के लिए कहाँ संपर्क करें?
इरोड में प्रवर्तन शाखा कार्यालय से 0424-2275142 पर संपर्क किया जा सकता है।