मुख्य तथ्य
हमीरपुर के विशेष पॉक्सो न्यायालय ने एक नाबालिग से छेड़छाड़ और दुष्कर्म के प्रयास के मामले में आरोपी रोहित को दोषी करार देते हुए पांच वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। न्यायाधीश अनिल कुमार खरवार ने मंगलवार को यह फैसला सुनाया। दोषी पर कुल सात हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।
मामले का विवरण
थाना ललपुरा क्षेत्र के एक गांव निवासी महिला ने 4 नवंबर 2021 को शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी 16 वर्ष तीन माह की पुत्री 1 नवंबर 2021 की रात घर के बाहर सो रही थी। तभी गांव का ही रोहित वहां आया और उसके साथ छेड़छाड़ कर जबरदस्ती करने लगा। विरोध करने पर आरोपी ने जान से मारने की धमकी दी। लोकलाज के कारण परिजन तुरंत पुलिस के पास नहीं गए, लेकिन बाद में शिकायत दी।
जांच और सुनवाई
शिकायत के आधार पर ललपुरा पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की। जांच पूरी होने पर अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया गया। सुनवाई के दौरान न्यायाधीश ने साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर आरोपी को दोषी ठहराया।
सजा का विवरण
- पॉक्सो एक्ट की धारा 8 के तहत पांच वर्ष का कठोर कारावास और तीन हजार रुपये का जुर्माना।
- भारतीय दंड संहिता की धारा 354 के तहत पांच वर्ष का कठोर कारावास और तीन हजार रुपये का जुर्माना।
- धारा 506 के तहत एक वर्ष का कठोर कारावास और एक हजार रुपये का जुर्माना।
सभी सजाएं एक साथ चलेंगी।
प्रभाव और संदेश
यह फैसला नाबालिगों के खिलाफ अपराधों में सख्ती का संदेश देता है। पॉक्सो अदालत ने त्वरित सुनवाई करते हुए दोषी को सजा सुनाई, जो पीड़ित परिवार के लिए न्याय की बहाली है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
दोषी को किन धाराओं में सजा हुई?
दोषी को पॉक्सो एक्ट की धारा 8, भारतीय दंड संहिता की धारा 354 और 506 के तहत सजा सुनाई गई।
पीड़िता की उम्र कितनी थी?
घटना के समय पीड़िता की उम्र 16 वर्ष तीन माह थी।
घटना कब हुई थी?
यह घटना 1 नवंबर 2021 की रात हुई थी।