घटना का विवरण
आंध्र प्रदेश के पलनाडु जिले में कृष्णा नदी पर रविवार को एक नाव पलट गई, जिसमें चार लोगों की डूबने से मौत हो गई। मृतकों में तीन बच्चे शामिल हैं। यह घटना कोनूरू गांव के पास दोपहर करीब 2 बजे हुई, जब नाव रेत के टीले से टकरा गई।
मृतकों की पहचान
मृतकों की पहचान बट्टुला कार्तिक (12 वर्ष), कोनाथा चैतन्य (26 वर्ष), गंधम सैनी (10 वर्ष) और गंधम संध्या (8 वर्ष) के रूप में हुई है। ये सभी मार्रिचेट्टुपालेम और चिलकलूरिपेट क्षेत्रों के निवासी थे।
बचाव कार्य
स्थानीय ग्रामीणों ने तुरंत बचाव अभियान शुरू किया। ग्रामीण रमना ने बताया, "स्थानीय निवासियों ने पानी में कूदकर छह लोगों को बचाया और उन्हें बांध पर ले आए।" ग्रामीणों के अनुसार नाव में लाइफ जैकेट या अन्य सुरक्षा उपकरण नहीं थे।
सरकारी प्रतिक्रिया
मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू, जो सिंगापुर में थे, ने इस त्रासदी पर शोक व्यक्त किया। उन्होंने प्रत्येक मृतक के परिजनों को 5 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की। उन्होंने जिला कलेक्टर को तुरंत राशि वितरित करने और राजस्व, पुलिस तथा जल संसाधन विभागों की एक टीम द्वारा पूरी जांच के आदेश दिए।
विपक्षी प्रतिक्रिया
वाईएसआरसीपी अध्यक्ष वाई.एस. जगन मोहन रेड्डी ने दुर्घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया और पीड़ित परिवारों को हर संभव मदद देने की अपील की।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
कृष्णा नदी में नाव कब पलटी?
रविवार को दोपहर 2 बजे के आसपास नाव पलटी।
दुर्घटना में कितने लोगों की मौत हुई?
चार लोगों की मौत हुई, जिनमें तीन बच्चे शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने क्या घोषणा की?
मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने प्रति परिवार 5 लाख रुपये अनुग्रह राशि की घोषणा की।
नाव में सुरक्षा उपकरण थे?
ग्रामीणों के अनुसार नाव में लाइफ जैकेट या अन्य सुरक्षा उपकरण नहीं थे।