प्रमुख तथ्य
ओमान के तट पर अमेरिकी सैन्य हमलों में तीन भारतीय नाविकों की मौत के बाद विपक्षी दलों ने शनिवार को केंद्र सरकार पर दबाव बढ़ा दिया। एनसीपी (एसपी) सांसद सुप्रिया सुले ने सरकार से मजबूत प्रतिक्रिया की मांग की और पीड़ित परिवारों को समर्थन का वादा किया। यह घटना पश्चिम एशिया संघर्ष के बीच ओमान की खाड़ी में भारतीय नाविकों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा देती है।
सुप्रिया सुले का बयान
सुप्रिया सुले ने इस घटना को 'बेहद दुखद' बताते हुए कहा कि भारत को अपने नागरिकों की रक्षा में मजबूत रुख अपनाना चाहिए। उन्होंने कहा, 'यह बहुत दुखद घटना है। हमने तीन भारतीयों को खो दिया। हम उम्मीद करते थे कि भारत सरकार इस पर प्रतिक्रिया देगी।' उन्होंने आगे कहा, 'अगर सरकार अपनी विदेश नीति के माध्यम से कुछ नहीं कर सकती, तो विपक्ष उन परिवारों के साथ खड़ा है। अगर सरकार उनके लिए नहीं लड़ सकती, तो हम हर भारतीय और हर बच्चे की ओर से लड़ेंगे।'
बीजद सांसद सुलता देव का हमला
बीजद सांसद सुलता देव ने भी सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि सरकार अमेरिका के सामने झुक गई है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच संबंधों पर सवाल उठाते हुए कहा, 'वे कहते हैं, 'मेरे दोस्त ट्रंप', क्या यह आपका रिश्ता है? क्या आपको बुरा नहीं लगता? उन्होंने हमारे लोगों को मार डाला, हमारे तेल टैंकर पर मिसाइलों से हमला किया। हम उम्मीद करते हैं कि आप सख्त से सख्त कार्रवाई करेंगे।'
तीन भारतीय नाविकों की मौत की पुष्टि
शिपिंग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने पुष्टि की कि अमेरिकी हमले में लापता तीन भारतीय नाविक मारे गए हैं। पलाऊ-ध्वज वाले टैंकर एमटी सेट्टेबेलो को निशाना बनाया गया था। ओमानी सशस्त्र बलों ने बचाव अभियान चलाकर शेष चालक दल के सदस्यों को बचाया, जिनमें सेट्टेबेलो पर सवार 21 भारतीय शामिल थे। मारे गए लोगों में हिमाचल प्रदेश के 23 वर्षीय आदित्य शर्मा भी शामिल हैं, जो एक डेक कैडेट थे और लाइसेंस प्राप्त जहाज अधिकारी बनने का प्रशिक्षण ले रहे थे।
प्रभावित जहाज और बचाव अभियान
अमेरिकी बलों ने इस सप्ताह तीन टैंकरों को निशाना बनाया। तीनों जहाजों से कुल 60 से अधिक भारतीय चालक दल के सदस्यों को बचाया गया: एमटी मारीवेक्स से 24, एमटी सेट्टेबेलो से 21 और एमटी जलवीर से 20।
पाठकों के लिए महत्वपूर्ण बातें
- तीन भारतीय नाविकों की मौत ने अंतरराष्ट्रीय जल में भारतीय नागरिकों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
- विपक्ष ने सरकार पर अमेरिका के सामने झुकने का आरोप लगाया है और मजबूत राजनयिक कार्रवाई की मांग की है।
- हिमाचल प्रदेश के युवा आदित्य शर्मा की मौत ने राज्य में शोक की लहर दौड़ा दी है।
- भारत सरकार ने अमेरिकी राजनयिक को तलब कर विरोध दर्ज कराया है, लेकिन विपक्ष इसे अपर्याप्त मानता है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
अमेरिकी हमले में कितने भारतीय नाविक मारे गए?
अमेरिकी हमले में तीन भारतीय नाविक मारे गए, जिनमें हिमाचल प्रदेश के 23 वर्षीय आदित्य शर्मा भी शामिल हैं।
सुप्रिया सुले ने सरकार से क्या मांग की?
सुप्रिया सुले ने सरकार से अमेरिका के खिलाफ सख्त रुख अपनाने और नाविकों के परिवारों के लिए लड़ने की मांग की।
इस घटना में कितने भारतीय नाविक बचाए गए?
तीनों जहाजों से कुल 60 से अधिक भारतीय नाविकों को बचाया गया।
भारत सरकार ने इस मामले में क्या कदम उठाया?
भारत ने अमेरिकी राजनयिक को तलब कर विरोध दर्ज कराया, लेकिन विपक्ष इसे अपर्याप्त बता रहा है।