कार्यक्रम का आयोजन
शिमला के विकासनगर स्थित हिम रश्मि परिसर स्कूल में बुधवार को विश्व युवा कौशल दिवस के अवसर पर एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं और महिलाओं को कौशल विकास, स्वरोजगार और आत्मनिर्भर भविष्य निर्माण के प्रति जागरूक करना था।
कार्यक्रम की शुरुआत
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इसके बाद संस्थान की निदेशक मंजुला अत्री ने अपने संबोधन में कहा, "आज का समय कौशल, नवाचार और निरंतर सीखने का है।" उन्होंने युवाओं से विभिन्न कौशल सीखकर स्वरोजगार अपनाने और आत्मनिर्भर बनने का आह्वान किया।
प्रमाण पत्र वितरण
इस अवसर पर पूर्व में प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके प्रशिक्षणार्थियों को प्रमाण पत्र भी वितरित किए गए। इससे उनके द्वारा अर्जित कौशल को मान्यता प्रदान की गई।
गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति
कार्यक्रम में ज्ञान सिंह, कुशल कुमार शर्मा, शालू ठाकुर और दीपक ठाकुर जैसे गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। उन्होंने युवाओं को प्रेरित किया और कौशल विकास के महत्व पर प्रकाश डाला।
युवाओं के लिए संदेश
मंजुला अत्री ने कहा कि आज के प्रतिस्पर्धी युग में केवल शैक्षिक योग्यता ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि व्यावहारिक कौशल का होना आवश्यक है। उन्होंने युवाओं को नवाचार और निरंतर सीखने की प्रक्रिया में लगे रहने की सलाह दी।
FAQ
यह कार्यक्रम कहाँ आयोजित हुआ?
शिमला के विकासनगर स्थित हिम रश्मि परिसर स्कूल में।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य क्या था?
युवाओं और महिलाओं को कौशल विकास, स्वरोजगार और आत्मनिर्भरता के प्रति जागरूक करना।
कार्यक्रम में कौन-कौन शामिल हुए?
संस्थान की निदेशक मंजुला अत्री, ज्ञान सिंह, कुशल कुमार शर्मा, शालू ठाकुर और दीपक ठाकुर उपस्थित रहे।