प्रमुख तथ्य
केरल के नवयिकुलम स्थित सरकारी हायर सेकेंडरी स्कूल के कक्षा 9 के छात्र स्वराज ग्रामिका ने हाल ही में आयोजित मोनो एक्ट (हाई स्कूल) प्रतियोगिता में ‘A’ ग्रेड प्राप्त किया। उनकी प्रस्तुति ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। स्वराज के पास मलयालम सुपरस्टार मम्मूट्टी का एक ऑटोग्राफ है, जिसे वे अपनी सबसे कीमती संपत्ति मानते हैं।
विस्तार से जानकारी
स्वराज ने फिल्म निर्माता रंजीत की एक फिल्म में मुथुवेल के किरदार में अभिनय किया था, जहां उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया और मम्मूट्टी से प्रशंसा अर्जित की। मम्मूट्टी ने उन्हें एक ऑटोग्राफ दिया, जिसमें लिखा था, “आगे का रास्ता कांटों और पत्थरों से भरा होगा, लेकिन तुम इसे पार कर सफल होगे।” स्वराज ने कहा, “मैं इन शब्दों को अपने दिल के करीब रखता हूं।”
स्वराज ग्रामिका चिल्ड्रन थिएटर के सक्रिय सदस्य हैं, जो नवयिकुलम में चिंथा लाइब्रेरी के तहत काम करता है। वे लगभग 10 नाटकों में अभिनय कर चुके हैं और राज्य भर के 150 केंद्रों पर प्रस्तुति दे चुके हैं। उन्होंने कक्षा 3 से ही नाटकों में अभिनय शुरू कर दिया था।
प्रभाव और प्रतिक्रिया
स्वराज ने मोनो एक्ट में ट्रांसजेंडरों के साथ होने वाले भेदभाव और पीड़ा को मार्मिक ढंग से प्रस्तुत किया। उनकी इस प्रस्तुति ने दर्शकों को भावुक कर दिया। इसके अलावा, अन्य छात्रों ने भी सामाजिक मुद्दों पर अपनी प्रस्तुतियां दीं।
- अद्वैत अनिल (कक्षा 10, जीएचएसएस, कालावूर) ने पूछा कि जब देश गौरक्षा पर इतना मुखर है, तो गरीबों और हाशिए के लोगों की रक्षा को क्यों नजरअंदाज किया जाता है।
- आनंद वर्मा (कक्षा 10, एलबीएसएमएचएसएस, अविट्टाथूर) ने देवताओं के दोहरे मापदंडों को उजागर किया और बताया कि कैसे वे जाति और धर्म के आधार पर समाज को बांट रहे हैं।
- दर्शन एस. (राजाज एचएस, नीलेश्वरन, कासरगोड) ने दक्षिणपंथी प्रयासों पर व्यंग्य किया जो लोकप्रिय मिथकों में हेरफेर करते हैं, जैसे ओणम को ‘वामन जयंती’ के रूप में प्रस्तुत करना।
पाठकों के लिए महत्वपूर्ण
यह घटना केरल के स्कूली रंगमंच की बढ़ती लोकप्रियता और सामाजिक मुद्दों पर युवाओं की जागरूकता को दर्शाती है। स्वराज जैसे युवा कलाकार अपनी कला के माध्यम से समाज में बदलाव लाने का प्रयास कर रहे हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
स्वराज ग्रामिका कौन हैं?
स्वराज ग्रामिका केरल के नवयिकुलम स्थित सरकारी हायर सेकेंडरी स्कूल के कक्षा 9 के छात्र हैं और एक प्रतिभाशाली रंगकर्मी हैं।
मम्मूट्टी ने स्वराज को क्या लिखा?
मम्मूट्टी ने अपने ऑटोग्राफ में लिखा कि आगे का रास्ता कांटों और पत्थरों से भरा होगा, लेकिन वह इसे पार कर सफल होंगे।
स्वराज ने मोनो एक्ट में किस विषय पर प्रस्तुति दी?
उन्होंने ट्रांसजेंडरों के साथ होने वाले भेदभाव और पीड़ा को मंच पर उतारा।