गरलोग स्कूल में रिक्त पदों का संकट
मंडी जिले के पधर उपमंडल स्थित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला गरलोग में अध्यापकों के चार पदों सहित पीईटी और चपरासी का पद लंबे समय से खाली पड़ा है। इससे विद्यार्थियों की पढ़ाई और खेल गतिविधियां ठप हो गई हैं। अभिभावकों में शिक्षा विभाग के प्रति रोष बढ़ रहा है।
प्रबंधन समिति की बैठक और प्रस्ताव
स्कूल प्रबंधन समिति अध्यक्ष बीरी सिंह ठाकुर और प्रधानाचार्य मीना कुमारी की अध्यक्षता में शनिवार को स्कूल परिसर में बैठक हुई। इसमें समिति सदस्यों और पंचायत जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक में प्रस्ताव पारित कर मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह और शिक्षा मंत्री को भेजा गया।
खाली पदों की स्थिति
- राजनीति शास्त्र का अध्यापक
- इतिहास का अध्यापक
- अंग्रेजी का अध्यापक
- एक अन्य अध्यापक पद
- पीईटी (शारीरिक शिक्षा प्रशिक्षक)
- चपरासी
स्कूल प्रबंधन समिति अध्यक्ष बीरी सिंह ठाकुर ने बताया कि ये पद लंबे समय से रिक्त हैं, जिससे विद्यार्थियों को पढ़ाई में परेशानी हो रही है।
अभिभावकों की चिंता
अभिभावकों का कहना है कि अध्यापकों के न होने से बच्चों का भविष्य अंधकारमय हो जाएगा। उन्होंने सरकार से जल्द पद भरने की मांग की है।
अन्य मुद्दे
बैठक में स्कूल भूमि के एफआरए केस पर भी चर्चा हुई और बजट प्रावधान को लेकर प्रस्ताव स्थानीय विधायक और शिक्षा मंत्री को सौंपा जाएगा।
FAQ
गरलोग स्कूल में कौन-कौन से पद खाली हैं?
राजनीति शास्त्र, इतिहास, अंग्रेजी विषयों के अध्यापक, पीईटी और चपरासी का पद खाली है।
रिक्त पदों को लेकर क्या कार्रवाई की गई है?
स्कूल प्रबंधन समिति ने बैठक कर प्रस्ताव पारित कर मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को भेजा है।
इन पदों के खाली रहने से क्या समस्या हो रही है?
विद्यार्थियों की पढ़ाई और खेल गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं, जिससे अभिभावकों में रोष है।