Desh Duniya | कर्नाटक

कर्नाटक सरकार ने जनता की शिकायतों के निवारण के लिए ‘प्रजासेवा विभाग’ का गठन किया

मुख्य बातें कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने शनिवार (20 जून) को राज्य मंत्रिमंडल की दूसरी बैठक के बाद ‘प्रजासेवा विभाग’ के गठन की घोषणा की। यह विभाग जन शिकायतों के निवारण और नागरिकों तक…

मुख्य बातें

कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने शनिवार (20 जून) को राज्य मंत्रिमंडल की दूसरी बैठक के बाद 'प्रजासेवा विभाग' के गठन की घोषणा की। यह विभाग जन शिकायतों के निवारण और नागरिकों तक सरकारी सेवाओं की पहुंच बढ़ाने के लिए बनाया गया है।

विभाग की संरचना और कार्यप्रणाली

प्रजासेवा विभाग का नेतृत्व एक कैबिनेट मंत्री करेंगे। इसके अंतर्गत एक वरिष्ठ IAS अधिकारी प्रशासनिक मशीनरी का प्रमुख होगा जो शिकायत निगरानी तंत्र की देखरेख करेगा। मुख्यमंत्री और अन्य मंत्रियों को प्राप्त सभी आवेदन इस विभाग के माध्यम से समीक्षा और अनुवर्ती कार्रवाई के लिए भेजे जाएंगे।

जिला मंत्रियों की भूमिका

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला मंत्रियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे प्रत्येक सप्ताह एक दिन तालुक स्तर पर स्थानीय विधायकों की उपस्थिति में जनता की समस्याएं सुनें और उनका समाधान करें। इससे शिकायतों का त्वरित निवारण होगा और जनता को राहत मिलेगी।

बिजली और पानी कनेक्शन में छूट

मुख्यमंत्री ने बताया कि स्थायी बिजली और पानी कनेक्शन के संबंध में कुछ शर्तों में ढील दी गई है। 31 मई 2000 से पहले बने भवनों के मालिक जिनके पास अस्थायी कनेक्शन हैं, वे स्थायी आवासीय कनेक्शन के लिए आवेदन कर सकते हैं। आवेदकों को सरकारी आदेश जारी होने की तारीख से 15 दिनों के भीतर औपचारिकताएं पूरी करनी होंगी।

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि आवेदकों को मौजूदा संरचना की तस्वीरें और GPS निर्देशांक जमा करने होंगे। नए निर्माण इस सुविधा के लिए पात्र नहीं होंगे। स्थानीय निकाय इस निर्णय को लागू करने के लिए जिम्मेदार होंगे।

प्रभाव और आगे की राह

प्रजासेवा विभाग के गठन से कर्नाटक में जन शिकायत निवारण प्रणाली को मजबूती मिलेगी। यह पहल सरकार और नागरिकों के बीच सीधा संवाद स्थापित करेगी। बिजली-पानी कनेक्शन में छूट से पुराने भवन मालिकों को लाभ होगा।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

प्रजासेवा विभाग क्या है?

यह कर्नाटक सरकार द्वारा गठित एक नया विभाग है जो जन शिकायतों के निवारण और नागरिकों से सीधे संवाद के लिए बनाया गया है। इसका नेतृत्व एक कैबिनेट मंत्री करेंगे।

जिला मंत्रियों को क्या निर्देश दिए गए हैं?

जिला मंत्रियों को सप्ताह में एक दिन तालुक स्तर पर स्थानीय विधायकों की उपस्थिति में जनता की समस्याएं सुनने और उनका निवारण करने के निर्देश दिए गए हैं।

बिजली और पानी के स्थायी कनेक्शन के लिए क्या नई शर्तें हैं?

31 मई 2000 से पहले बने भवनों के मालिक जिनके पास अस्थायी कनेक्शन हैं, वे स्थायी कनेक्शन के लिए आवेदन कर सकते हैं। आवेदकों को 15 दिनों के भीतर औपचारिकताएं पूरी करनी होंगी और मौजूदा संरचना की फोटो व GPS लोकेशन देनी होगी।

स्रोत: www.thehindu.com

Follow us on Google News

Explore more

अमेरिकी सेना ने ईरान द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य बंद करने की घोषणा के बाद कहा: ‘सतर्क रहेंगे, समझौते का पालन सुनिश्चित करेंगे’

मुख्य तथ्य अमेरिकी सेना ने शनिवार को कहा कि वह होर्मुज जलडमरूमध्य में ‘उपस्थित और सतर्क’ बनी हुई है, कुछ ही देर…

More on Desh Duniya from Himachal Pradesh

ईरान ने फिर बंद किया होर्मुज जलडमरूमध्य, इजराइल के लेबनान पर हमलों का बताया कारण

मुख्य तथ्य ईरान के शीर्ष संयुक्त सैन्य कमान, खतम अल-अंबिया केंद्रीय मुख्यालय ने शनिवार को घोषणा की कि होर्मुज जलडमरूमध्य को जहाजों…

Odisha में NGO कर्मियों को भीड़ ने किडनैपर समझकर पीटा, कपड़े फाड़े; 21 गिरफ्तार

घटना का विवरण ओडिशा के रायगड़ा जिले में दो NGO कर्मियों के साथ बर्बर व्यवहार किया गया। एक महिला और उसके पुरुष…

मुन्नार में दो तमिलनाडु युवकों ने नाबालिग छात्राओं से किया यौन शोषण, गिरफ्तार

मुख्य तथ्य केरल के इडुक्की जिले में स्थित मुन्नार पुलिस ने शनिवार को दो तमिलनाडु निवासियों को गिरफ्तार किया, जिन पर दो…