प्रधानमंत्री मोदी की यूरोप यात्रा: मुख्य बिंदु
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 13 जून 2026 को फ्रांस और स्लोवाकिया की छह दिवसीय यात्रा शुरू की। यह यात्रा 18 जून तक चलेगी और इसमें द्विपक्षीय वार्ता, बहुपक्षीय जुड़ाव और भारतीय समुदाय के साथ बातचीत शामिल है।
फ्रांस के साथ विशेष वैश्विक सामरिक साझेदारी
प्रधानमंत्री ने कहा कि फ्रांस भारत की रणनीतिक दृष्टि में विशेष स्थान रखता है। इस वर्ष की शुरुआत में राष्ट्रपति मैक्रों की भारत यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच संबंधों को 'विशेष वैश्विक सामरिक साझेदारी' में उन्नत किया गया था। मोदी और मैक्रों फरवरी से हुई प्रगति की समीक्षा करेंगे और आगे की सहयोग की रूपरेखा तैयार करेंगे।
G7 शिखर सम्मेलन: ग्लोबल साउथ की आवाज
प्रधानमंत्री मोदी 16 और 17 जून को एवियन में G7 शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। यह लगातार आठवां G7 शिखर सम्मेलन है जिसमें भारत को आमंत्रित किया गया है। मोदी ने कहा कि भारत G7 में न केवल अपनी बात रखेगा, बल्कि ग्लोबल साउथ की आकांक्षाओं को भी आवाज देगा।
भारत इनोवेट्स और VivaTech 2026
14 जून को नीस में प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मैक्रों संयुक्त रूप से 'भारत इनोवेट्स' कार्यक्रम का उद्घाटन करेंगे। यह आयोजन भारत-फ्रांस वर्ष ऑफ इनोवेशन के तहत होगा और भारत के सबसे होनहार स्टार्टअप्स को वैश्विक निवेश से जोड़ेगा। 18 जून को पेरिस में मोदी और मैक्रों VivaTech 2026 में भाग लेंगे, जो यूरोप के प्रमुख टेक और इनोवेशन आयोजनों में से एक है।
स्लोवाकिया की ऐतिहासिक यात्रा
प्रधानमंत्री मोदी 14 और 15 जून को स्लोवाकिया की राजकीय यात्रा पर रहेंगे। यह किसी भारतीय प्रधानमंत्री की स्वतंत्र स्लोवाकिया की पहली यात्रा है। वे राष्ट्रपति पेलेग्रिनी और प्रधानमंत्री फिको के साथ बातचीत करेंगे और स्लोवाक व्यापार जगत के नेताओं से मिलेंगे। मोदी ने कहा कि यह यात्रा यूरोपीय संघ के साथ भारत की सामरिक साझेदारी को और मजबूत करेगी।
भारतीय प्रवासियों से संवाद
प्रधानमंत्री फ्रांस में भारतीय समुदाय के साथ बातचीत करेंगे। वे सांस्कृतिक और आर्थिक संबंधों को बढ़ावा देने पर जोर देंगे।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
PM Modi की फ्रांस और स्लोवाकिया यात्रा कब से कब तक है?
यह यात्रा 13 जून से 18 जून 2026 तक है।
G7 शिखर सम्मेलन में भारत की भागीदारी क्यों महत्वपूर्ण है?
भारत लगातार आठवीं बार G7 में आमंत्रित हुआ है, जो वैश्विक मंच पर उसकी बढ़ती भूमिका को दर्शाता है। भारत ग्लोबल साउथ की आवाज उठाएगा।
प्रधानमंत्री मोदी फ्रांस में किन कार्यक्रमों में भाग लेंगे?
वे नीस में 'भारत इनोवेट्स' का उद्घाटन करेंगे, G7 शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे, और पेरिस में VivaTech 2026 में शामिल होंगे।
स्लोवाकिया यात्रा का क्या महत्व है?
यह किसी भारतीय प्रधानमंत्री की स्वतंत्र स्लोवाकिया की पहली यात्रा है, जो द्विपक्षीय संबंधों को नई ऊंचाई देगी।