मुख्य तथ्य
तमिलनाडु के तिरुवल्लूर जिले में एक तीन वर्षीय बच्ची के साथ कथित तौर पर दुष्कर्म के बाद मौत हो गई। आरोपी एक प्रवासी मजदूर है, जिसे गिरफ्तार कर लिया गया है। इस घटना ने राज्य में सियासी हलचल मचा दी है, विपक्ष ने मुख्यमंत्री सी जोसेफ विजय पर हमला बोला है।
घटना का विवरण
रविवार (14 जून 2026) को तीन वर्षीय बच्ची को बिस्कुट का लालच देकर बहला-फुसलाकर ले जाया गया और उसके साथ दुष्कर्म किया गया। बच्ची को झाड़ियों में गंभीर हालत में पाया गया। उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां सोमवार (15 जून) को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस ने बताया कि बच्ची आरोपी को जानती थी। आरोपी ने बिस्कुट देकर उसे बहलाया और दुष्कर्म किया।
पुलिस के अनुसार, घटना में केवल एक आरोपी शामिल है। आरोपी और बच्ची दोनों मूल रूप से बिहार के रहने वाले हैं। बच्ची का परिवार तिरुवल्लूर जिले के गुम्मिडिपूंडी उपखंड के सिप्कोट औद्योगिक क्षेत्र में रहता था।
गिरफ्तारी और कानूनी कार्रवाई
आरोपी को स्थानीय लोगों ने पकड़कर पुलिस को सौंप दिया। घटना के बाद कुछ अन्य लोगों पर भी संदेह जताया गया, लेकिन पुलिस ने स्पष्ट किया कि जांच में केवल एक आरोपी का हाथ होने की बात सामने आई है। पुलिस ने पहले पॉक्सो (POCSO) एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था, लेकिन बच्ची की मौत के बाद हत्या की धाराएं भी जोड़ी जाएंगी।
सियासी बवाल
इस घटना ने राजनीतिक विवाद को जन्म दिया है। विपक्षी दलों ने मुख्यमंत्री सी जोसेफ विजय पर कानून-व्यवस्था बिगड़ने का आरोप लगाया है। खासकर तब जब सीएम विजय ने हाल ही में महिला सुरक्षा के लिए 'सिंगप्पन स्पेशल फोर्स' लॉन्च करने की घोषणा की थी।
डीएमके का हमला
तमिलनाडु विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और डीएमके विधायक उदयनिधि स्टालिन ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट कर कहा, "मुझे यह जानकर सदमा लगा कि गुम्मिडिपूंडी के पास तीन साल की बच्ची के साथ दुष्कर्म के बाद उसे झाड़ियों में फेंक दिया गया और उसकी मौत हो गई। पुलिस को इस अपराध के वास्तविक दोषियों की पहचान करनी चाहिए और उन्हें कड़ी सजा सुनिश्चित करनी चाहिए।"
उन्होंने आगे कहा, "पूरे तमिलनाडु में कानून-व्यवस्था चरमरा गई है। सरकार को एक महीने से अधिक समय हो गया है, लेकिन मुख्यमंत्री कोई ठोस कदम नहीं उठा रहे हैं।" उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ऐसे अपराध जारी रहे तो डीएमके सड़कों पर उतरेगा।
एआईएडीएमके की प्रतिक्रिया
पूर्व मुख्यमंत्री और एआईएडीएमके नेता एडप्पाडी के पलानीस्वामी ने सरकार को 'नकली' बताते हुए कहा, "तमिलनाडु में महिलाओं की सुरक्षा कहां है? पुलिस क्या कर रही है? 'सिंगप्पन' स्पेशल फोर्स कहां गायब हो गई? आपके छह महीने के ट्रायल पीरियड के खत्म होने का इंतजार करते हुए कितनी और महिलाएं और बच्चियां अपनी सुरक्षा और जान गंवाएंगी?"
भाजपा का बयान
भाजपा के पूर्व तमिलनाडु अध्यक्ष के अन्नामलाई ने घटना को 'गहरा सदमा' बताया और उत्तर भारतीय राज्यों के लोगों के अपराधों में शामिल होने पर निशाना साधा। उन्होंने सरकार से तत्काल कार्रवाई की मांग की।
पाठकों के लिए महत्वपूर्ण जानकारी
- यह घटना तमिलनाडु के तिरुवल्लूर जिले में हुई है, जो हिमाचल प्रदेश से दूर है, लेकिन बाल सुरक्षा के मुद्दे पर देशभर में चिंता है।
- पुलिस ने पुष्टि की है कि केवल एक आरोपी शामिल है, अफवाहों पर ध्यान न दें।
- पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज, मौत के बाद हत्या की धाराएं जोड़ी जाएंगी।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
तीन वर्षीय बच्ची के साथ दुष्कर्म की घटना कहां हुई?
यह घटना तमिलनाडु के तिरुवल्लूर जिले के गुम्मिडिपूंडी उपखंड के सिप्कोट औद्योगिक क्षेत्र में हुई।
आरोपी कौन है और उसे कैसे पकड़ा गया?
आरोपी बिहार का एक प्रवासी मजदूर है, जिसे स्थानीय लोगों ने पकड़कर पुलिस को सौंप दिया। पुलिस ने बताया कि घटना में केवल एक आरोपी शामिल है।
विपक्ष ने सीएम विजय पर क्या आरोप लगाए?
डीएमके और एआईएडीएमके ने सीएम विजय पर कानून-व्यवस्था बिगड़ने का आरोप लगाया। डीएमके नेता उदयनिधि स्टालिन ने कहा कि सरकार महिला सुरक्षा के लिए बनाई गई 'सिंगप्पन स्पेशल फोर्स' के बावजूद कार्रवाई नहीं कर रही।