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Cpi ने tvk को समर्थन देने पर स्टालिन की टिप्पणी को खारिज किया, कहा- किसी से अनुमति नहीं ली

मुख्य तथ्य कोयंबटूर में आयोजित दो दिवसीय कार्यकारी समिति की बैठक के बाद भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (CPI) ने एक प्रस्ताव पारित कर स्पष्ट किया कि उसने तमिलागा वेट्ट्री कड़गम (TVK) को समर्थन देने के लिए…

मुख्य तथ्य

कोयंबटूर में आयोजित दो दिवसीय कार्यकारी समिति की बैठक के बाद भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (CPI) ने एक प्रस्ताव पारित कर स्पष्ट किया कि उसने तमिलागा वेट्ट्री कड़गम (TVK) को समर्थन देने के लिए किसी से अनुमति या मार्गदर्शन नहीं लिया। यह प्रस्ताव DMK अध्यक्ष एम.के. स्टालिन की हालिया टिप्पणी के संदर्भ में आया है, जिसमें उन्होंने कहा था कि DMK के पूर्व सहयोगियों ने TVK को समर्थन देने से पहले उनसे सलाह ली थी।

विस्तार से

CPI ने अपने प्रस्ताव में कहा कि पार्टी अपने निर्णय स्वयं लेती है और उसे किसी से अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है। पार्टी का राजनीतिक रुख मेहनतकश लोगों के हितों की रक्षा, सांप्रदायिक-फासीवादी ताकतों को हराना और सामाजिक न्याय को बनाए रखना है।

TVK राज्य में विधानसभा चुनावों में सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी, जिसने सबसे अधिक वोट और सीटें हासिल कीं। हालांकि, CPI ने आरोप लगाया कि राज्यपाल ने TVK को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित करने के बजाय अप्रत्यक्ष रूप से BJP शासन लाने का प्रयास किया। ऐसे परिणामों को रोकने के लिए CPI ने TVK को सरकार बनाने के लिए बाहरी समर्थन देने का निर्णय लिया।

प्रभाव और आगे की रणनीति

CPI ने चेतावनी दी कि यदि TVK सरकार पार्टी के राजनीतिक रुख के विपरीत कार्य करती है, तो CPI प्रभावित लोगों के साथ विरोध में शामिल होगी। इसके अलावा, पार्टी ने 29 जून को राज्य के सभी जिला मुख्यालयों पर केंद्र सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ और कृषि ऋणों की पूर्ण माफी की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन आयोजित करने का निर्णय लिया।

CPI ने मांग की कि केंद्र सरकार चारों श्रम संहिताओं को वापस ले और तमिलनाडु सरकार यह घोषित करे कि राज्य में इन श्रम संहिताओं को लागू नहीं किया जा सकता।

पाठकों के लिए महत्वपूर्ण बातें

  • CPI ने स्पष्ट किया कि उसने TVK को समर्थन देने के लिए DMK या किसी अन्य से अनुमति नहीं ली।
  • पार्टी का कहना है कि वह अपने फैसले स्वतंत्र रूप से लेती है और किसी के दबाव में नहीं है।
  • CPI ने TVK को समर्थन देने का कारण राज्यपाल द्वारा अप्रत्यक्ष BJP शासन लाने के प्रयास को रोकना बताया।
  • पार्टी ने 29 जून को विरोध प्रदर्शन की घोषणा की है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

CPI ने TVK को समर्थन क्यों दिया?

CPI ने TVK को इसलिए समर्थन दिया ताकि राज्यपाल द्वारा अप्रत्यक्ष रूप से BJP शासन लाने के प्रयास को रोका जा सके। TVK विधानसभा चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी थी।

CPI ने स्टालिन की टिप्पणी पर क्या प्रतिक्रिया दी?

CPI ने कहा कि उसे किसी से अनुमति या मार्गदर्शन लेने की आवश्यकता नहीं है और उसने TVK को समर्थन देने के लिए किसी से परामर्श नहीं किया।

CPI ने केंद्र सरकार के खिलाफ क्या कार्रवाई की योजना बनाई है?

CPI ने 29 जून को सभी जिला मुख्यालयों पर केंद्र सरकार की जनविरोधी नीतियों और कृषि ऋण माफी की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन करने का निर्णय लिया है।

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