मुख्यमंत्री विजय का कर्नाटक दौरा
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने पदभार संभालने के बाद पहली बार कर्नाटक का दौरा किया। वे 12 जून 2026 को दोपहर में मंगलुरु अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचे। इसके बाद वे सड़क मार्ग से उडुपी जिले के कोल्लूर स्थित मूकांबिका मंदिर की ओर रवाना हुए।
एयरपोर्ट पर स्वागत
मंगलुरु एयरपोर्ट पर कर्नाटक के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री यू.टी. खादर ने दक्षिण कन्नड़ प्रशासन के अधिकारियों के साथ उनका स्वागत किया। अधिकारियों ने उन्हें दो पुस्तकें भेंट कीं।
रास्ते में विरोध प्रदर्शन
इस बीच, कर्नाटक रक्षणा वेदिके (प्रवीण कुमार शेट्टी गुट) के कार्यकर्ताओं ने उडुपी में राष्ट्रीय राजमार्ग 66 पर उद्यावरा के पास मुख्यमंत्री विजय के खिलाफ काला झंडा प्रदर्शन किया। उन्होंने तमिलनाडु के मुख्यमंत्री के 'कन्नड़ विरोधी' रुख और प्रस्तावित मेकेदातु सिंचाई परियोजना पर तमिलनाडु की आपत्ति के खिलाफ नारे लगाए। पुलिस ने विजय के उडुपी पहुंचने से पहले प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया।
क्या है मेकेदातु परियोजना?
मेकेदातु बांध परियोजना कावेरी नदी पर कर्नाटक द्वारा प्रस्तावित एक बहुउद्देशीय परियोजना है, जिसका उद्देश्य पेयजल आपूर्ति और बिजली उत्पादन है। तमिलनाडु इस परियोजना का विरोध करता है, क्योंकि उसे लगता है कि इससे उसके हिस्से का पानी प्रभावित होगा। यह विवाद दशकों पुराना है और दोनों राज्यों के बीच तनाव का कारण बना रहता है।
दौरे का महत्व
यह दौरा तमिलनाडु के नए मुख्यमंत्री के लिए कर्नाटक के साथ संबंधों को सुधारने की दिशा में एक कदम माना जा रहा है। मूकांबिका मंदिर दक्षिण भारत के प्रसिद्ध मंदिरों में से एक है, और यहां दर्शन करना उनकी धार्मिक आस्था को दर्शाता है।
FAQ
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय कर्नाटक क्यों गए?
वे कर्नाटक के उडुपी जिले में स्थित कोल्लूर मूकांबिका मंदिर में दर्शन करने गए थे। यह उनका पदभार संभालने के बाद कर्नाटक का पहला दौरा था।
मंगलुरु एयरपोर्ट पर उनका स्वागत किसने किया?
कर्नाटक के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री यू.टी. खादर ने दक्षिण कन्नड़ प्रशासन के अधिकारियों के साथ एयरपोर्ट पर उनका स्वागत किया।
रास्ते में विरोध प्रदर्शन क्यों हुआ?
कर्नाटक रक्षणा वेदिके के कार्यकर्ताओं ने मेकेदातु सिंचाई परियोजना पर तमिलनाडु की आपत्ति के विरोध में काला झंडा दिखाया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया।
स्रोत: www.thehindu.com