मुख्य तथ्य
केरल के मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन ने 2026-27 वित्तीय वर्ष के लिए संशोधित बजट पेश करते हुए घोषणा की कि राज्य में दूध उत्पादन को तीन वर्षों में बढ़ाकर प्रतिदिन एक करोड़ लीटर किया जाएगा। वर्तमान में केरल में प्रतिदिन 70 लाख लीटर दूध का उत्पादन होता है, जबकि दैनिक आवश्यकता 86 लाख लीटर है।
डेयरी विकास के लिए बजट आवंटन
डेयरी विकास के लिए संशोधित बजट में ₹102.88 करोड़ का प्रावधान किया गया है। इसमें वाणिज्यिक डेयरी विकास और दुग्ध क्षेत्र विकास को मजबूत करने के लिए ₹36.37 करोड़, पशु चारा सब्सिडी के लिए ₹7 करोड़ और चारा उत्पादन एवं संरक्षण के लिए ₹8.50 करोड़ शामिल हैं। उत्पादन वृद्धि कार्यक्रम के तहत अतिरिक्त दूध को मूल्यवर्धित उत्पादों में बदला जाएगा।
कृषि और संबद्ध क्षेत्रों में निवेश
कृषि और संबद्ध क्षेत्रों के लिए संशोधित बजट में ₹1,534.98 करोड़ का आवंटन किया गया है। उत्पादकता बढ़ाने, संसाधनों के उपयोग में सुधार और जलवायु लचीलापन मजबूत करने के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), ड्रोन और IoT आधारित कृषि तकनीकों को प्रोत्साहित किया जाएगा।
महिला किसानों के लिए 'कृषि सखी' योजना
बजट में 'कृषि सखी - महिला किसान विकास कार्यक्रम' की घोषणा की गई है, जिसका उद्देश्य कृषि में महिलाओं की उपस्थिति को मजबूत करना और महिला-नेतृत्व वाले कृषि उद्यमों तथा किसान समूहों को बढ़ावा देना है।
पशुपालन क्षेत्र
पशुपालन क्षेत्र के लिए बजट में ₹258.88 करोड़ का आवंटन किया गया है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
केरल में वर्तमान दूध उत्पादन कितना है?
वर्तमान में केरल में प्रतिदिन 70 लाख लीटर दूध का उत्पादन होता है, जबकि दैनिक आवश्यकता 86 लाख लीटर है।
सरकार ने दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए कितना आवंटन किया है?
डेयरी विकास के लिए संशोधित बजट में ₹102.88 करोड़ का आवंटन किया गया है।
कृषि क्षेत्र में किन नई तकनीकों को बढ़ावा दिया जाएगा?
कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), ड्रोन और IoT आधारित कृषि तकनीकों को प्रोत्साहित किया जाएगा।
'कृषि सखी' योजना क्या है?
यह महिला किसानों को सशक्त बनाने और महिला-नेतृत्व वाले कृषि उद्यमों को बढ़ावा देने के लिए शुरू की गई योजना है।